Posts Tag: ग़ज़ल/गीतिका 15k posts List Grid Previous Page 2 Next Mahesh Tiwari 'Ayan' 20 Jan 2025 · 2 min read हमें कोटला सुल्तान सिंह चलना चाहिए कोटला गये थे रफी साहब की दरोदीवार पे कुछ गुनगुनाती सी फिजा कुछ सिसकती सी बयार में साहब के गांव में गुरवीर जी मिले थे निरवैर जी मिले थे सोहेल... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 61 Share Dr. Kishan tandon kranti 19 Jan 2025 · 1 min read खुली किताब मैं ऐसी खुली किताब अनपढ़ जिसे पढ़ ले, लेकिन मजबूर हैं हम पर गुनाहगार नहीं हैं। एक बच्चा भी कहता है कि अब बनो घोड़ा, हम शौक से कहते हैं... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 2 2 42 Share Subhash Singhai 2 Jan 2025 · 1 min read भुजंगप्रयात छंद विधान सउदाहरण मापनी 122 (यगण) भुजंगप्रयात छंद मापनी 122 (यगण) सोमराजी छंद- दो यगण – 122 122 हमारा तुम्हारा | बनेगा सहारा || वहाँ भी चलेगें | जहाँ वे मिलेगें || ~~~~~~~~ सार्द्ध सोमराजी छंद... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 129 Share डॉक्टर वासिफ़ काज़ी 30 Dec 2024 · 1 min read हिज्र हिज्र में......... यूँ खो गया है इश्क़ । हसीं हादसा........ हो गया है इश्क़ ।। समझा था मंज़िल का तलबगार जिसे अब ख़ुद ही रास्ता हो गया है इश्क़ ।।... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 130 Share Subhash Singhai 30 Dec 2024 · 1 min read वृद्धिसमानिका छंद (22 मात्रा) , विधान सउदाहरण वृद्धिसमानिका छंद 22 मात्रा , विधान सउदाहरण मापनीयुक्त मात्रिक छंद गालगा लगालगा गालगा लगालगा आज नेकता सभी शर्मसार देखिए | कौन बोलता यहाँ आज हार देखिए || मौन आज गौड़... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 138 Share Mahesh Ojha 27 Dec 2024 · 1 min read उम्मीद का दिया तूफानों से लड़ता दिया है, अजब सा जलवा दिखा रहा है। हवा के झोंकों से पूछ लो तो, हौसले का किस्सा बता रहा है। जो जख्म हमको दिए थे दुश्मन,... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · गीतिका 177 Share डॉक्टर वासिफ़ काज़ी 24 Dec 2024 · 1 min read अहसास ख़ूबसूरत सा वो इक अहसास था । जब मिरा महबूब..... मेरे पास था ।। दुनिया सारी.... आम थी मिरे लिए । शख़्स बस मिरे लिए वो ख़ास था ।। महफ़िलों... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 90 Share सिद्धार्थ गोरखपुरी 24 Dec 2024 · 1 min read हाकिम तारीख पर तारीख हमें न दे हाक़िम l तूँ जो एवज में चाहता है उसे ले हाकिम l तूँ माल -ए -मुफ्त -ए -बेरहम है माना, अरे थोड़ा तो रहम... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 249 Share Dr. Kishan tandon kranti 20 Dec 2024 · 1 min read पता तेरा तुझ तक पहुँचा दे वो राह नहीं मिलती, मैंने हर एक मोड़ से पूछा है पता तेरा। Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 2 2 176 Share अरशद रसूल बदायूंनी 16 Dec 2024 · 1 min read मुहब्बत से हराना चाहता हूं जो सच सबको बताना चाहता हूँ वही खुद से छुपाना चाहता हूँ तिरे ग़म की अमानत हैं जो आँसू उन्हें मोती बनाना चाहता हूँ मुहब्बत ही मुहब्बत हर तरफ़ हो... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 154 Share Rajesh Tiwari 16 Dec 2024 · 2 min read बूढ़ा बागवान बूढा बागवान फूटी किस्मत आज पिता की मांगे रोटी मान की। टूटे दर्पण सी हालत है बूढे बागवान की। उंगली पकड सिखाया चलना, मन ही मन मे फूला था। इतना... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · गीतिका 1 85 Share Dr.Pratibha Prakash 12 Dec 2024 · 1 min read भाषा सजदे में भी सौगातों की बात हर शाम होती है इश्क इवादत था कभी अब बात आम होती है अधरों से गिरे थे कभी जो फूल गालों पर लफ्जो में... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 110 Share डी. के. निवातिया 9 Dec 2024 · 1 min read सोलह श्रृंगार कर सजना सँवरना तेरा - डी. के. निवातिया सोलह श्रृंगार कर सजना सँवरना तेरा, जान लेता है चूड़ियों का खनकना तेरा ! महका देता है इन फिजाओं को रंगत, गुलशन के फूलों के जैसे महकना तेरा ! जब... Hindi · कविता · कोटेशन · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 1 133 Share अरशद रसूल बदायूंनी 8 Dec 2024 · 1 min read या खुदा ऐसा करिश्मा कर दे या खुदा ऐसा करिश्मा कर दे अब उसे भी मेरे जैसा कर दे क्या भरोसा भला आईने का वो इबारत को भी उल्टा करदे इससे पहले मै तिरा नाम लिखूं... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 128 Share Sandeep Thakur 8 Dec 2024 · 1 min read हर मोड़ पे उन का हमारा सामना होने लगा - संदीप ठाकुर हर मोड़ पे उन का हमारा सामना होने लगा अब रोज़ ही ये ख़ूबसूरत हादसा होने लगा हर इक अदा अंदाज़ में ऐसी कशिश है आप में जो भी मिला... Hindi · Quote Writer · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · शेर 3 1 1k Share डॉक्टर वासिफ़ काज़ी 6 Dec 2024 · 1 min read वफ़ा की तहरीरें - चंद अशआर - चंद अशआर - वफ़ा की..... तहरीरें देख रहा है । वो मिरी...... तस्वीरें देख रहा है ।। देख रहा हूँ...... रिश्तों का बंधन । वो इसमें...... ज़ंजीरें देख रहा... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 189 Share सिद्धार्थ गोरखपुरी 5 Dec 2024 · 1 min read रिश्ते रिश्ते उँगलियों पर सवार होकर खुद को काट रहें है तलवार होकर हैसियत हिस्साकसी का हिस्सा है कौन फिरता है असल प्यार लेकर मददगार बन के मदद मांगता है अदद... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 2 1 86 Share Dr. Asha Kumar Rastogi M.D.(Medicine),DTCD 1 Dec 2024 · 1 min read "अधूरा गीत" ग़ज़ल/गीतिका सब भुलाया, था ज़माने ने, सिखाया जितना, मरहबा उसका, था उसने भी, निभाया जितना। उसी का रंग, चढ़ गया था इस क़दर मुझपे, याद आया वो उतना, उसको भुलाया जितना... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 4 3 116 Share Sandeep Thakur 30 Nov 2024 · 1 min read देखूँ तो वो सामने बैठा हुआ है - संदीप ठाकुर देखूँ तो वो सामने बैठा हुआ है सोचूँ तो इक मीलों लम्बा फ़ासला है नाम तन्हाई ने तेरा लिख दिया है हर कोई चेहरे को मेरे पढ़ रहा है छू... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · शेर · संदीप ठाकुर शायरी 5 1 457 Share Taj Mohammad 24 Nov 2024 · 1 min read मुख्तशर सी जिंदगी है। मुख्तशर सी जिंदगी है अब हम यहां किसको क्या कहें। ख्वाहिशों की खातिर जानें हम कितने गुनाह कर गए।। जानिबे मंजिल पहुंचते कैसे जब हम सफर में ही न थे।... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 96 Share पंकज परिंदा 23 Nov 2024 · 1 min read बादलों की, ओ.. काली..! घटाएं सुनो। बादलों की, ओ.. काली..! घटाएं सुनो। आ के' माटी की' सारी व्यथाएं.., सुनो। दम्भ स्पंदन पे कैसे....? हृदय को हुआ, मुस्कुराती रहीं........, कोशिकाएं सुनो। चाप भृकुटी से' अद्भुत बनाए ही'... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 122 Share Ashwani Kumar 23 Nov 2024 · 1 min read छन्द गीतिका ज़िंदगी जिंदगी भारी सभी को और लगती शूल-सी। प्यार भी इससे बहुत है और है मक़बूल-सी। ज़िंदगी बेहद अनोखी, है करिश्माई बहुत, दूसरों की है नगीना और अपनी धूल-सी। मस्त... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 2 112 Share Dr. Kishan tandon kranti 22 Nov 2024 · 1 min read टुकड़ा दर्द का हम उस मुकाम पर नहीं होते, अजनबी रास्ते जहाँ नहीं होते। हर टुकड़ा दर्द का कहता है, टूटे आईनों की जुबां नहीं होते। डॉ. किशन टण्डन क्रान्ति साहित्य वाचस्पति Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 2 4 111 Share Rashmi Sanjay 22 Nov 2024 · 1 min read 'बस! वो पल' याद तुम्हारी आने का पल ख़ुद से ऑंख चुराने का पल! रिश्तों के ठुकराने का पल बस दृगबिन्दु छुपाने का पल! बिसरा दो टूटन की बातें ढूॅंढों हास सजाने का... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 92 Share Ashwani Kumar 21 Nov 2024 · 1 min read छन्द सरसी: *जिनका कुशल प्रबन्ध* जीवन में हैं द्वंद हज़ारों, कच्चे सब सम्बंध। जंजीरों में जकड़े रखते, नियम कड़े अनुबंध। जीवन पथपर हँसते गाते,बढ़ जाते कुछ लोग, और अधिकतर बाँधे रखते, आशा का कटिबंध। सागर... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 117 Share श्रीहर्ष आचार्य 21 Nov 2024 · 1 min read माए दुलार तोहर, अँचरीमे नुका जाए तोहर नजरि, सभ दुख हरिया जाए। बिन तोहर, दुनियाँ लगै अधूरी कखनो नै होय, तोरासँ दूरी। तोहर ममता, गंगा जल सन पावन तोहर छाँव, हमर... Maithili · ग़ज़ल/गीतिका 167 Share पंकज परिंदा 18 Nov 2024 · 1 min read जो थे क्रिमिनल..., देख परिंदे, जो थे क्रिमिनल..., देख परिंदे, अब सब सोशल देख परिंदे..! बच्चों से अब.., मार - पिटाई, कितना क्रिटिकल देख परिंदे। ढीली हो कम्पास अगर.., तो, गड़बड़ एंगल..., देख परिंदे..! घूम... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 122 Share डी. के. निवातिया 18 Nov 2024 · 1 min read तुम क्या जानो किस दौर से गुज़र रहा हूँ - डी. के. निवातिया तुम क्या जानो किस दौर से गुज़र रहा हूँ, डाली से टूटे फूल की तरह बिखर रहा हूँ ! ख़ाक से उठकर निखरने की कोशिश में, जर्रा-जर्रा जोड़कर फिर से... Hindi · कविता · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · गीतिका 100 Share Rashmi Sanjay 17 Nov 2024 · 1 min read ग़ज़ल ये बादल के चाँद-सितारे नानी के किस्सों से हारे। धूप कड़ी है मत झुलसो तुम वृद्ध वृक्ष की छांव पुकारे! जारी सफ़र सदा ही रखना चींखें ना ये घाव तुम्हारे!... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 133 Share Rashmi Sanjay 16 Nov 2024 · 1 min read 'न पूछो' मुश्किल था वो दौर न पूछो। उलझन का बस ठौर न पूछो।। हाले -दिल तो पूछ रहे हो पूछो पर इस तौर न पूछो। क्या-क्या गुजर रही है हम पर... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 114 Share Rashmi Sanjay 16 Nov 2024 · 1 min read सजल माथ ढूॅंढता चंदन लिख ! करे तिरंगा वंदन लिख !! पगडंडी की सिसकी पढ़! बाट जोहती विरहन लिख !! प्रेम अपरिमित अनगढ़ है! कृष्ण-राधिका बंधन लिख!! जीवन-नेत्र छलकते हैं! मत... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 111 Share Rashmi Sanjay 16 Nov 2024 · 1 min read गीतिका गीत निजता के तनिक मुझको भी रचने दीजिए। मूर्ति सपनों की अधूरी जो, वो गढ़ने दीजिए।। ठेल कर आगे निकलना,आ ही जाएगा मुझे, भीड़ का हिस्सा मुझे इक बार बनने... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 1 79 Share Sandeep Thakur 15 Nov 2024 · 1 min read आंख हो बंद तो वो अपना है - संदीप ठाकुर आंख हो बंद तो वो अपना है आंख खुल जाए तो वो सपना है वो मिले या नहीं मिले हमको उम्र भर उसका नाम जपना है संदीप ठाकुर Hindi · Quote Writer · Sandeep Thakur Shayari · ग़ज़ल/गीतिका · मुक्तक · शेर 4 1 572 Share डॉ. शशांक शर्मा "रईस" 14 Nov 2024 · 1 min read क़िस्मत अब खोटे सिक्के भी उछाले जा रहे हैं खेल में, हमें यूं बाहर कर दिया, क़िस्मत ने आजमा कर!! शय-मात का सफ़र अमूमन तय कर लिया था, ज़िंदगी ने एक... Hindi · कविता · ग़ज़ल/गीतिका 1 80 Share Khalid Nadeem Budauni 12 Nov 2024 · 1 min read रस्ता मिला न मंज़िल रहबर की रहबरी में रस्ता मिला न मंज़िल रहबर की रहबरी में । हम यूँ भटक रहे हैं सहरा-ए-जिंदगी में ।। तुम तैर कर तो देखो सूखी हुई नदी में । फर्क़ आएगा समझ... Hindi · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 1 102 Share Nakul Kumar 12 Nov 2024 · 1 min read ग़ज़ल : कौन आया है ये मेरे आशियाने में कौन आया है ये मेरे आशियाने में रात भर जगते रहो इसको सुलाने में जूट की बोरी से ये कुटिया बनाई है तुम चले आते हो मुफ़लिस के घराने में... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 1 1 99 Share Nakul Kumar 12 Nov 2024 · 1 min read ग़ज़ल : उसने देखा मुझको तो कुण्डी लगानी छोड़ दी उसने देखा मुझको तो कुण्डी लगानी छोड़ दी फिर मेरे होठों पे इक आधी कहानी छोड़ दी मैं छुपाए फिर रहा था इश्क़ अपने गाँव में और फिर ज़ालिम ने... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 2 138 Share Nakul Kumar 12 Nov 2024 · 1 min read ग़ज़ल : कई क़िस्से अधूरे रह गए अपनी कहानी में कई क़िस्से अधूरे रह गए अपनी कहानी में चले आए हैं बचपन को गँवा के नौजवानी में हवाएँ जो बग़ावत पर उतर आई हैं आख़िर में किसी तूफ़ान की दस्तक... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 2 122 Share Nakul Kumar 12 Nov 2024 · 1 min read शेर : तुझे कुछ याद भी है क्या मिरा उस रात में आना तुझे कुछ याद भी है क्या मिरा उस रात में आना छतों से कूदकर के फिर भरी बरसात में आना कई मंज़र बने ख़ंजर चुभे मेरी निगाहों में मुझे मिलने... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 1 141 Share Nakul Kumar 12 Nov 2024 · 1 min read ग़ज़ल : तुमको लगता है तुम्हारी ज़िंदगी पुर-नूर है तुमको लगता है तुम्हारी ज़िंदगी पुर-नूर है देखो तुम इक बार फिर से रौशनी कुछ दूर है साथ में घर बार लेकर चल रही हैं औरतें सोचते हो तुम ये... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 115 Share Nakul Kumar 12 Nov 2024 · 1 min read ग़ज़ल : इन आँधियों के गाँव में तूफ़ान कौन है इन आँधियों के गाँव में तूफ़ान कौन है तू देख तो ये कौन है पहचान कौन है ये किसके द्वार पे खड़ा ज़िंदा दरख़्त है इन पत्थरों के शहर में... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 1 163 Share Nakul Kumar 12 Nov 2024 · 1 min read ग़ज़ल : रोज़ी रोटी जैसी ये बकवास होगी बाद में रोज़ी रोटी जैसी ये बकवास होगी बाद में मैं अभी तो मौन में हूँ इष्ट जी की याद में इसलिए अफ़सर ने मिलने से मना है कर दिया गड्डियाँ कम... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · गीत · शेर 125 Share Nakul Kumar 12 Nov 2024 · 1 min read ग़ज़ल : पेट में दाना नहीं पेट में दाना नहीं उपवास लेकर क्या करें मर चुके प्यासे परिंदे प्यास लेकर क्या करें सार्वभौमिक सत्य है ये मृत्यु का आना है तय मछलियाँ बगुलों से फिर विश्वास... Hindi · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका · शेर 1 101 Share Harinarayan Tanha 11 Nov 2024 · 1 min read दिल हमारा गुनहगार नही है दिल हमारा गुनहगार नही है ऐसा कोई पहली बार नही है हर बार यही सोचता हूं आखरी है मगर ये भी आखरी बार नही है तुझे रास्ता बदलना है तो... Hindi · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका 129 Share पंकज परिंदा 11 Nov 2024 · 1 min read यूँ ही आना जाना है, यूँ ही आना जाना है, दुनिया एक झमेला है। सुख दुख जीवन के पहलू, धूप कहीं, कहीं छाया है। खलिहानों में उम्र गई, कहते लोग निठल्ला है। कारिस्तानी बेटे की,... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 91 Share पंकज परिंदा 8 Nov 2024 · 1 min read कुछ तो स्पेशल देख परिंदे। कुछ तो स्पेशल देख परिंदे। फिल्मी माॅडल देख परिंदे। छूटा गाँव गली चौबारा, मुंबई सेन्ट्रल देख परिंदे। ख़ुद को रख अपडेट हमेशा, ख़बरें ग्लोबल देख परिंदे। गुजरे चिट्ठी तार संदेशा,... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 2 2 184 Share डी. के. निवातिया 8 Nov 2024 · 1 min read मुक्तक !! मुक्तक !! मिलाये जो नज़र उससे, निगाहें वो चुराता है, ज़माने भर हमारे नाम की कसमें उठाता है ! करे किस से शिकायत अब गुनाहों की सनम के हम,... Hindi · कविता · ग़ज़ल/गीतिका · मुक्तक · शेर 106 Share पंकज परिंदा 4 Nov 2024 · 1 min read नाहक को। नाहक को। संभालो। सब सुन लो, फ़नकारो। बदनामी, होने दो। हर क़ीमत, पहचानो। कैसे हो ? सरदारो। ख़ुश्क गला, दारू लो। गुस्सा क्यूं ? बतलाओ। बातें मत, उलझाओ। नखरे कम,... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 118 Share पंकज परिंदा 2 Nov 2024 · 1 min read थे जो आलमगीर परिंदे। थे जो आलमगीर परिंदे। ले डूबी तक़दीर परिंदे। पहना दी शहज़ादों ने ही, लोहे की ज़ंजीर परिंदे। जिल्लेलाही कहते ख़ुद को, छोड़ गये जागीर परिंदे। वक़्त का पहिया घूमा साहब,... Hindi · ग़ज़ल/गीतिका 132 Share Sandeep Thakur 30 Oct 2024 · 1 min read बहते पानी पे एक दरिया ने - संदीप ठाकुर बहते पानी पे एक दरिया ने अपनी लहरों से लिक्खे अफ़्साने बादलों में समेट के बारिश अश्क धरती के लाई लौटाने काग़ज़ी फूल की महक का सच ये देहाती परिंदा... Hindi · Quote Writer · Sandeep Thakur Shayari · कविता · ग़ज़ल · ग़ज़ल/गीतिका 456 Share Previous Page 2 Next