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20 Jan 2025 · 1 min read

दोहा

दोहा
चाहते हैं अब न उगें, दोहों के उद्यान।
ऐसे स्वयं सिद्ध बनें, दोहों के भगवान।।
©दुष्यंत ‘बाबा’

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