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16 Apr 2024 · 1 min read

नजर और नजरिया

कहते हैं कि लैला
कोई खूबसूरत स्त्री नहीं थी
ना ही अति सुन्दर नारी थी
वो हीर
जिसे मजनू और रांझा ने
पाने की खातिर
लगा दी थी
अपनी जान की बाजी,
मेरी यह बात
कुछ समझ में आई पाजी?

सौन्दर्य देखने के लिए
चाहिए आपको सिर्फ
मजनू और रांझा जैसी
नजर और नजरिया,
दिल के अन्दर
खूबसूरत प्रेम की डगरिया।

नारी शक्ति पर आधारित
मेरी प्रकाशित कृति : ‘बराबरी का सफर’ से,,,

डॉ. किशन टण्डन क्रान्ति
साहित्य वाचस्पति
सुदीर्घ एवं अप्रतिम साहित्य सेवा के लिए
लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड प्राप्त
हरफनमौला साहित्य लेखक।

Language: Hindi
1 Like · 1 Comment · 29 Views
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