Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
23 Jan 2024 · 1 min read

प्रश्रयस्थल

तू-तू ,मै-मै मे बंट गई नारी अस्मिता,अतुलित-अखन्ड!
पाषाड हो गई मानवता,राजनीति के जाए ये पाखन्ड!!
हर राजनीतिञ के घर भी मा,बहन और बेटी होती है!
पर आरोपो-प्रत्यारोपो तले भारतीय संस्कृति रोती है!!
मणिपुर,बंगाल हो ,या हो फिर राजस्थान की अबला!
है यछ प्रश्न संम्मुख कब हो पाएगी वो सशक्त-सबला?
‘बेटी बचाओ-बेटी पढाओ’, क्या केवल थोथे नारे है?
मनसा,वाचा,कर्मणा उनकी सुरछा जिम्मेदारी हमारे है?
प्रतिवर्ष अनेको बालाए विद्यालय जाने से क्यो वंचित?
रोमियो स्काड बनी, पर वहशी गुन्डो से धरा है संचित!!
पुलिस-प्रशासन .न्याय-व्यवस्था का भय कही नही है!
स्वतंत्रता अमृत महोत्सव वर्ष मे भी अंधेर सही नही है!!
उग्रवादियो की भीडतंत्र आगे, क्यो पुलिस नतमस्तक?
प्रशासन सैना आमंत्रित कर सबक सिखाते तब तक!!
थाने,कोर्ट,कचहरी, स्वतंत्र भारत निर्माता के उद्भवस्थल!
जब तक राजनीतिक दल, बने रहैगे गुन्डो के प्रश्रयस्थल!!

सर्वाधिकार सुरछित मौलिक रचना बोधिसत्व कस्तूरिया एडवोकेट,कवि,पत्रकार 202नीरव निकुज, सिकंदरा,आगरा-282007
मो:9412443093

Language: Hindi
87 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from Bodhisatva kastooriya
View all
You may also like:
रण चंडी
रण चंडी
Dr.Priya Soni Khare
पाती
पाती
डॉक्टर रागिनी
मैं छोटी नन्हीं सी गुड़िया ।
मैं छोटी नन्हीं सी गुड़िया ।
लक्ष्मी सिंह
"कब तक हम मौन रहेंगे "
DrLakshman Jha Parimal
मुर्शिद क़दम-क़दम पर नये लोग मुन्तज़िर हैं हमारे मग़र,
मुर्शिद क़दम-क़दम पर नये लोग मुन्तज़िर हैं हमारे मग़र,
डॉ. शशांक शर्मा "रईस"
- अपनो का स्वार्थीपन -
- अपनो का स्वार्थीपन -
bharat gehlot
रिश्ते
रिश्ते
Ram Krishan Rastogi
पता ना चला
पता ना चला
Dr. Kishan tandon kranti
जिंदगी एक आज है
जिंदगी एक आज है
Neeraj Agarwal
जगतगुरु स्वामी रामानंदाचार्य
जगतगुरु स्वामी रामानंदाचार्य
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
नैन खोल मेरी हाल देख मैया
नैन खोल मेरी हाल देख मैया
Basant Bhagawan Roy
गांधी से परिचर्चा
गांधी से परिचर्चा
नंदलाल सिंह 'कांतिपति'
सवाल ये नहीं
सवाल ये नहीं
Dr fauzia Naseem shad
घर के किसी कोने में
घर के किसी कोने में
आकांक्षा राय
// प्रीत में //
// प्रीत में //
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
Behaviour of your relatives..
Behaviour of your relatives..
Suryash Gupta
" महखना "
Pushpraj Anant
"दस ढीठों ने ताक़त दे दी,
*Author प्रणय प्रभात*
यक्ष प्रश्न है जीव के,
यक्ष प्रश्न है जीव के,
sushil sarna
कीमत दोनों की चुकानी पड़ती है चुपचाप सहने की भी
कीमत दोनों की चुकानी पड़ती है चुपचाप सहने की भी
Rekha khichi
परिवर्तन
परिवर्तन
Paras Nath Jha
*आओ मिलकर नया साल मनाएं*
*आओ मिलकर नया साल मनाएं*
सुखविंद्र सिंह मनसीरत
डोसा सब को भा रहा , चटनी-साँभर खूब (कुंडलिया)
डोसा सब को भा रहा , चटनी-साँभर खूब (कुंडलिया)
Ravi Prakash
स्मृतियों का सफर (23)
स्मृतियों का सफर (23)
Seema gupta,Alwar
सत्य प्रेम से पाएंगे
सत्य प्रेम से पाएंगे
महेश चन्द्र त्रिपाठी
*कोई किसी को न तो सुख देने वाला है और न ही दुःख देने वाला है
*कोई किसी को न तो सुख देने वाला है और न ही दुःख देने वाला है
Shashi kala vyas
मोरे मन-मंदिर....।
मोरे मन-मंदिर....।
Kanchan Khanna
Hum khuch din bat nhi kiye apse.
Hum khuch din bat nhi kiye apse.
Sakshi Tripathi
ज़िंदगी का नशा
ज़िंदगी का नशा
सुरेन्द्र शर्मा 'शिव'
आप चाहे जितने भी बड़े पद पर क्यों न बैठे हों, अगर पद के अनुर
आप चाहे जितने भी बड़े पद पर क्यों न बैठे हों, अगर पद के अनुर
Anand Kumar
Loading...