ऐसा वर देना(प्रार्थना)

विद्या की देवी सरस्वती
ज्ञान के दीप जला दो माँ
बसंत पंचमी जन्मदिवस पर
वीणा जरा बजा दो माँ।
अच्छी लगती हंस सवारी
मुझको सैर करा दो माँ।
पूजा में मिलते फल, लड्डू
प्रसाद मुझे खिला दो माँ।
मैं नन्हीं सी भोली गुड़िया
ज्ञान-विज्ञान सिखा दो माँ।
संगीत, साहित्य, चित्रकला
का संसार दिखा दो माँ।
हाथ जोड़कर विनती करती,
मुझे शरण में ले लो माँ।
करूँ जगत में ज्ञान उजाला
वर ऐसा मुझे दे दो माँ।
@स्वरचित व मौलिक
कवयित्री शालिनी राय ‘डिम्पल’✍️
आजमगढ़, उत्तर प्रदेश।