Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
18 Apr 2024 · 1 min read

अर्ज है पत्नियों से एक निवेदन करूंगा

अर्ज है पत्नियों से एक निवेदन करूंगा
पतियों को इतना मत कोसा करो
इन पतियों मे इतनी समझ होती
तो ये शादी थोड़ी ही करते 😜

32 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
फिर से आयेंगे
फिर से आयेंगे
प्रेमदास वसु सुरेखा
दुनियां का सबसे मुश्किल काम है,
दुनियां का सबसे मुश्किल काम है,
Manoj Mahato
कुंडलिया
कुंडलिया
sushil sarna
मैं आखिर उदास क्यों होउँ
मैं आखिर उदास क्यों होउँ
DrLakshman Jha Parimal
क्रिकेटी हार
क्रिकेटी हार
Sanjay ' शून्य'
पैगाम डॉ अंबेडकर का
पैगाम डॉ अंबेडकर का
Buddha Prakash
जिंदगी में कभी उदास मत होना दोस्त, पतझड़ के बाद बारिश ज़रूर आत
जिंदगी में कभी उदास मत होना दोस्त, पतझड़ के बाद बारिश ज़रूर आत
Pushpraj devhare
बचपन
बचपन
Dr. Seema Varma
युही बीत गया एक और साल
युही बीत गया एक और साल
पूर्वार्थ
है कौन वो
है कौन वो
DR ARUN KUMAR SHASTRI
है धरा पर पाप का हर अभिश्राप बाकी!
है धरा पर पाप का हर अभिश्राप बाकी!
Bodhisatva kastooriya
*सरस्वती वन्दना*
*सरस्वती वन्दना*
Ravi Prakash
चाँद खिलौना
चाँद खिलौना
SHAILESH MOHAN
यादों के बादल
यादों के बादल
singh kunwar sarvendra vikram
कवि मोशाय।
कवि मोशाय।
Neelam Sharma
Oh, what to do?
Oh, what to do?
Natasha Stephen
अमूक दोस्त ।
अमूक दोस्त ।
SATPAL CHAUHAN
जागे जग में लोक संवेदना
जागे जग में लोक संवेदना
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
अनुगामी
अनुगामी
Davina Amar Thakral
"भावुकता का तड़का।
*प्रणय प्रभात*
गंतव्य में पीछे मुड़े, अब हमें स्वीकार नहीं
गंतव्य में पीछे मुड़े, अब हमें स्वीकार नहीं
Er.Navaneet R Shandily
लौट कर वक़्त
लौट कर वक़्त
Dr fauzia Naseem shad
बचपन और पचपन
बचपन और पचपन
ओमप्रकाश भारती *ओम्*
बेचैन हम हो रहे
बेचैन हम हो रहे
Basant Bhagawan Roy
ख़ास विपरीत परिस्थिति में सखा
ख़ास विपरीत परिस्थिति में सखा
सिद्धार्थ गोरखपुरी
*
*"गुरू पूर्णिमा"*
Shashi kala vyas
वो इँसा...
वो इँसा...
'अशांत' शेखर
नजर और नजरिया
नजर और नजरिया
Dr. Kishan tandon kranti
रात का मायाजाल
रात का मायाजाल
Surinder blackpen
3465🌷 *पूर्णिका* 🌷
3465🌷 *पूर्णिका* 🌷
Dr.Khedu Bharti
Loading...