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29 Nov 2022 · 1 min read

डूब कर इश्क में जीना सिखा दिया तुमने।

डूब कर इश्क में जीना सिखा दिया तुमने।
मोहब्बतों का सलीका सिखा दिया तुमने।

बिछड़ के कैसे लिखूंगा मैं कैफियत अपनी।
किसी को दर्द का शायर बना दिया तुमने।

कोई न आएगा इस दिल में अब तुम्हारे सिवा।
अजीब इश्क का ताला लगा दिया तुमने।

तुम्हारी कैद में रहता है दिल मेरा लेकिन।
मेरे कफस का परिंदा उड़ा दिया तुमने।

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