Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
28 Jan 2024 · 1 min read

रंगोली

स्नेह सुसज्जित प्रेम से पूरित रंग भरे हैं रंगोली में।
ऐसे जैसे अबीर गुलाल में कान्हा भीगे होली में।।
लाल रंग ज्यों भाल राधिका चमके बिंदिया चंदा सी,
अधर गुलाबी गाल राधिका मिश्री घोले बोली में।।
स्नेह सुसज्जित प्रेम से पूरित रंग भरे हैं रंगोली में।
ऐसे जैसे अबीर गुलाल में कान्हा भीगे होली में।।

इंद्रधनुष में रंग हैं जितने उतने मेरी रंगोली में।
सुखद मधुर एहसास भरे हैं जैसे मेरे हमजोली में।।
जन्म- जन्म का साथ है साथी तेरा मेरा साँवरे,
सदा मुरारी भरते रहना खुशियाँ मेरी झोली में।।
स्नेह सुसज्जित प्रेम से पूरित रंग भरे हैं रंगोली में।
ऐसे जैसे अबीर गुलाल में कान्हा भीगे होली में।।

पावन, सच्चा, निर्मल रिश्ता बँधा है तुमसे मोली में।
भुला दिए हैं सारे ही गम मैंने हँसी ठिठोली में।।
जीवन रूपी द्यूत क्रीड़ा में संयम मेरा दाव है,
खेलूँ ऐसे; ग्वाल बाल संग जैसे मोहन टोली में
स्नेह सुसज्जित प्रेम से पूरित रंग भरे हैं रंगोली में।
ऐसे जैसे अबीर गुलाल में कान्हा भीगे होली में।।

खन-खन करती हरी चूड़ियाँ मेहंदी रची हथेली में।
अपनेपन के भाव है इसमें जैसे किसी सहेली में।।
पीत वस्त्र और धानी चुनरिया प्रेम- प्रणय फुलकारी है,
श्वेत पुष्प से केश सुसज्जित महकें चंपा चमेली में।

स्नेह सुसज्जित प्रेम से पूरित रंग भरे हैं रंगोली में।
ऐसे जैसे अबीर गुलाल में कान्हा भीगे होली में।।
नीलम शर्मा ✍️

Language: Hindi
1 Like · 66 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
बड़ा मन करऽता।
बड़ा मन करऽता।
जय लगन कुमार हैप्पी
*मिलते जीवन में गुरु, सच्चे तो उद्धार【कुंडलिया】*
*मिलते जीवन में गुरु, सच्चे तो उद्धार【कुंडलिया】*
Ravi Prakash
श्री बिष्णु अवतार विश्व कर्मा
श्री बिष्णु अवतार विश्व कर्मा
डॉ विजय कुमार कन्नौजे
"जब"
Dr. Kishan tandon kranti
23/49.*छत्तीसगढ़ी पूर्णिका*
23/49.*छत्तीसगढ़ी पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
मुक्तक
मुक्तक
महेश चन्द्र त्रिपाठी
दिल पर दस्तक
दिल पर दस्तक
Surinder blackpen
"मित्र से वार्ता"
Dr. Asha Kumar Rastogi M.D.(Medicine),DTCD
#एक_कविता
#एक_कविता
*Author प्रणय प्रभात*
क्यूँ ख़ामोशी पसरी है
क्यूँ ख़ामोशी पसरी है
हिमांशु Kulshrestha
मेरी बेटी मेरी सहेली
मेरी बेटी मेरी सहेली
लक्ष्मी सिंह
चाहो न चाहो ये ज़िद है हमारी,
चाहो न चाहो ये ज़िद है हमारी,
Kanchan Alok Malu
आज की राजनीति
आज की राजनीति
Dr. Pradeep Kumar Sharma
मां की ममता जब रोती है
मां की ममता जब रोती है
Harminder Kaur
“कब मानव कवि बन जाता हैं ”
“कब मानव कवि बन जाता हैं ”
Rituraj shivem verma
सवाल जिंदगी के
सवाल जिंदगी के
Dr. Rajeev Jain
तुम अभी आना नहीं।
तुम अभी आना नहीं।
Taj Mohammad
सत्य साधना
सत्य साधना
नील पदम् Deepak Kumar Srivastava (दीपक )(Neel Padam)
माँ गौरी रूपेण संस्थिता
माँ गौरी रूपेण संस्थिता
Pratibha Pandey
-आजकल मोहब्बत में गिरावट क्यों है ?-
-आजकल मोहब्बत में गिरावट क्यों है ?-
bharat gehlot
ज़िंदगी की ज़रूरत में
ज़िंदगी की ज़रूरत में
Dr fauzia Naseem shad
🙏 *गुरु चरणों की धूल*🙏
🙏 *गुरु चरणों की धूल*🙏
जूनियर झनक कैलाश अज्ञानी झाँसी
बादल को रास्ता भी दिखाती हैं हवाएँ
बादल को रास्ता भी दिखाती हैं हवाएँ
Mahendra Narayan
कुछ मज़ा ही नही,अब जिंदगी जीने मैं,
कुछ मज़ा ही नही,अब जिंदगी जीने मैं,
गुप्तरत्न
मैं क्या लिखूँ
मैं क्या लिखूँ
Aman Sinha
सत्य की खोज
सत्य की खोज
Prakash Chandra
बसंत
बसंत
Bodhisatva kastooriya
💐प्रेम कौतुक-499💐
💐प्रेम कौतुक-499💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
जिंदगी का सफर
जिंदगी का सफर
Gurdeep Saggu
महफिल में तनहा जले, खूब हुए बदनाम ।
महफिल में तनहा जले, खूब हुए बदनाम ।
sushil sarna
Loading...