Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
15 May 2023 · 1 min read

दिल लगाएं भगवान में

जीवन का अंतिम पड़ाव तो, निश्चित ही शमशान है
लाभ हानि की दृष्टि से, जीवन का नुक़सान है
लाभ हानि नुकसान फायदा, जीवन से हैं जुड़े हुए
हितकर और अहितकर दोनों, सुख दुख लेकर खड़े हुए
आते जाते रहते हैं जीवन में,जब तक जीवन चलता है
नहीं कोई जीवन ऐसा है, दोनों के बिना निकलता है
हानि लाभ नुकसान फायदा,निज कर्मों के साथी हैं
प्राकृतिक नुकसान फायदे,सबके जीवन साथी हैं
सब कुछ नश्वर है बन्धु, सृष्टि सकल जहान में
सुख शांति से रहें धरा पर,दिल लगाऐं भगवान में
सुरेश कुमार चतुर्वेदी

Language: Hindi
306 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from सुरेश कुमार चतुर्वेदी
View all
You may also like:
जब भी
जब भी
Dr fauzia Naseem shad
मां का प्यार पाने प्रभु धरा पर आते है♥️
मां का प्यार पाने प्रभु धरा पर आते है♥️
तारकेश्‍वर प्रसाद तरुण
International Self Care Day
International Self Care Day
Tushar Jagawat
2549.पूर्णिका
2549.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
महसूस होता है जमाने ने ,
महसूस होता है जमाने ने ,
ओनिका सेतिया 'अनु '
मोरे मन-मंदिर....।
मोरे मन-मंदिर....।
Kanchan Khanna
*जरूरी है हृदय में बस, प्रवाहित तीव्र जीवटता (मुक्तक)*
*जरूरी है हृदय में बस, प्रवाहित तीव्र जीवटता (मुक्तक)*
Ravi Prakash
"ख्वाबों के राग"
Dr. Kishan tandon kranti
कहा था जिसे अपना दुश्मन सभी ने
कहा था जिसे अपना दुश्मन सभी ने
Johnny Ahmed 'क़ैस'
भ्रम अच्छा है
भ्रम अच्छा है
Vandna Thakur
जूते और लोग..,
जूते और लोग..,
Vishal babu (vishu)
आऊँगा कैसे मैं द्वार तुम्हारे
आऊँगा कैसे मैं द्वार तुम्हारे
gurudeenverma198
याद रहेगा यह दौर मुझको
याद रहेगा यह दौर मुझको
Ranjeet kumar patre
नारी जीवन की धारा
नारी जीवन की धारा
Buddha Prakash
#ग़ज़ल
#ग़ज़ल
*Author प्रणय प्रभात*
वेलेंटाइन डे बिना विवाह के सुहागरात के समान है।
वेलेंटाइन डे बिना विवाह के सुहागरात के समान है।
Rj Anand Prajapati
"दुखती रग.." हास्य रचना
Dr. Asha Kumar Rastogi M.D.(Medicine),DTCD
मेरा प्रेम पत्र
मेरा प्रेम पत्र
डी. के. निवातिया
*शब्दों मे उलझे लोग* ( अयोध्या ) 21 of 25
*शब्दों मे उलझे लोग* ( अयोध्या ) 21 of 25
Kshma Urmila
आईना
आईना
हिमांशु बडोनी (दयानिधि)
मैं जवान हो गई
मैं जवान हो गई
Basant Bhagawan Roy
क्यों हिंदू राष्ट्र
क्यों हिंदू राष्ट्र
Sanjay ' शून्य'
जब  फ़ज़ाओं  में  कोई  ग़म  घोलता है
जब फ़ज़ाओं में कोई ग़म घोलता है
प्रदीप माहिर
💐प्रेम कौतुक-280💐
💐प्रेम कौतुक-280💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
"रात का मिलन"
Ekta chitrangini
मेरे पास तुम्हारी कोई निशानी-ए-तस्वीर नहीं है
मेरे पास तुम्हारी कोई निशानी-ए-तस्वीर नहीं है
शिव प्रताप लोधी
VISHAL
VISHAL
Vishal Prajapati
वट सावित्री व्रत
वट सावित्री व्रत
Shashi kala vyas
क्या ऐसी स्त्री से…
क्या ऐसी स्त्री से…
Rekha Drolia
🪷पुष्प🪷
🪷पुष्प🪷
सुरेश अजगल्ले 'इन्द्र '
Loading...