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13 Jun 2016 · 1 min read

स्लेट-बत्ती सी जिन्दगी

होती जिन्दगी स्लेट-बत्ती सी तो जीना कितना आसान होता।
गलती होते ही मिटा देते
सही करके दिखा देते
धुंधली होती स्लेट तो नल के नीचे धो लेते
चलती ना कोई बत्ती तो पानी में भिगो लेते
होता सब साफ सुथरा काट छाट का ना निशान होता
होती जिन्दगी स्लेट-बत्ती सी तो जीना कितना आसान होता।

Language: Hindi
Tag: कविता
2 Comments · 578 Views
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