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7 Dec 2022 · 1 min read

न्याय है इतना धीमा (कुंडलिया)

न्याय है इतना धीमा (कुंडलिया)
—————————————————
सीमा बाँधों समय की , जिसमें आए न्याय
चला मुकदमा साल नौ. यह वकील की आय
यह वकील की आय, रोज .तारीखें .आतीं
होता व्यक्ति निराश ,बीत सदियाँ- सी जातीं
कहते रवि कविराय , न्याय है इतना धीमा
देता धैर्य जवाब , कह रहा बाँधों सीमा
———————————————–
रचयिता : रवि प्रकाश ,बाजार सर्राफा,रामपुर (उत्तर प्रदेश)
मोबाइल 9997615451

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