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23 May 2024 · 1 min read

ना जाने

न जाने
—–
न जाने किस बात का उसे गुरूर है

कर के मासूम खता वो मगरूर है

बदल रहा है अपनी फितरत को वो

जुदा खयाल अब उसके कुछ जरूर है

शमा परवीन

Language: Hindi
1 Like · 25 Views
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