Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
14 May 2023 · 1 min read

थपकियाँ दे मुझे जागती वह रही ।

थपकियाँ दे मुझे जागती वह रही ।
हर खुशी की दुआ माँगती वह रही ।
प्रेम माँ का सभी से अलग विश्व में –
मेरी जय के लिए हारती वह रही ।।

✍️ अरविन्द त्रिवेदी
उन्नाव उ० प्र०

464 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from Arvind trivedi
View all
You may also like:
खोते जा रहे हैं ।
खोते जा रहे हैं ।
Dr.sima
चुनाव
चुनाव
Mukesh Kumar Sonkar
टूटी हुई उम्मीद की सदाकत बोल देती है.....
टूटी हुई उम्मीद की सदाकत बोल देती है.....
कवि दीपक बवेजा
गणतंत्र दिवस
गणतंत्र दिवस
विजय कुमार अग्रवाल
वो कालेज वाले दिन
वो कालेज वाले दिन
Akash Yadav
ऐसे तो दूर नहीं होगी यह मुश्किल
ऐसे तो दूर नहीं होगी यह मुश्किल
gurudeenverma198
-- अंतिम यात्रा --
-- अंतिम यात्रा --
गायक - लेखक अजीत कुमार तलवार
कृष्ण कन्हैया
कृष्ण कन्हैया
सोलंकी प्रशांत (An Explorer Of Life)
घमंड
घमंड
Ranjeet kumar patre
3456🌷 *पूर्णिका* 🌷
3456🌷 *पूर्णिका* 🌷
Dr.Khedu Bharti
#दोहा-
#दोहा-
*Author प्रणय प्रभात*
जीवन दर्शन
जीवन दर्शन
Prakash Chandra
बचपन की यादें
बचपन की यादें
प्रीतम श्रावस्तवी
कैसी है ये जिंदगी
कैसी है ये जिंदगी
डॉ विजय कुमार कन्नौजे
सांच कह्यां सुख होयस्यी,सांच समद को सीप।
सांच कह्यां सुख होयस्यी,सांच समद को सीप।
विमला महरिया मौज
फ़र्क
फ़र्क
Dr. Pradeep Kumar Sharma
ईश्वर
ईश्वर
Neeraj Agarwal
चाय पीने से पिलाने से नहीं होता है
चाय पीने से पिलाने से नहीं होता है
Manoj Mahato
नयी भोर का स्वप्न
नयी भोर का स्वप्न
Arti Bhadauria
“तब्दीलियां” ग़ज़ल
“तब्दीलियां” ग़ज़ल
Dr. Asha Kumar Rastogi M.D.(Medicine),DTCD
ग़ज़ल सगीर
ग़ज़ल सगीर
डॉ सगीर अहमद सिद्दीकी Dr SAGHEER AHMAD
मन
मन
Ajay Mishra
पंचांग (कैलेंडर)
पंचांग (कैलेंडर)
Dr. Vaishali Verma
मुझे जब भी तुम प्यार से देखती हो
मुझे जब भी तुम प्यार से देखती हो
Johnny Ahmed 'क़ैस'
वस्तु वस्तु का  विनिमय  होता  बातें उसी जमाने की।
वस्तु वस्तु का विनिमय होता बातें उसी जमाने की।
सत्येन्द्र पटेल ‘प्रखर’
*स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय श्री राम कुमार बजाज*
*स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय श्री राम कुमार बजाज*
Ravi Prakash
ये आज़ादी होती है क्या
ये आज़ादी होती है क्या
Paras Nath Jha
शृंगार छंद और विधाएँ
शृंगार छंद और विधाएँ
Subhash Singhai
हिंदी दोहा- महावीर
हिंदी दोहा- महावीर
राजीव नामदेव 'राना लिधौरी'
जीवन
जीवन
लक्ष्मी सिंह
Loading...