Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
27 Jan 2023 · 1 min read

#गणतंत्र दिवस#

न जाने कितने वीरों ने ,
अपनी जान गंवाई थी।
तब जाकर भारत को वीरों ने,
दिलवाई आजादी थी।।

इस संघर्ष के पीछे ,
न जाने जाने कितनी थी।
तब जाकर भारत को वीरों ने ,
दिलवाई आजादी थी।।

अंग्रेजों का किया सामना ,
उनको दूर भगाया था।
15 अगस्त 1947 को ,
भारत आजाद कराया था।।

पर भारत को गणराज्य बनाना,
सबसे बड़ी चुनौती थी।
मजबूत बनाएंगे भारत को,
यह सबने मिलके ठानी थी।।

बाबा भीमराव अम्बेडकर जी की,
मेहनत लाई थी रंग।
2 साल 11महीने और 18दिन में,
संविधान गया था बन।।

26 जनवरी 1950 को हमने,
पहला गणतंत्र मनाया था।
सही मायने तब जाकर ,
हमने पाई आजादी थी।

नमन है मेरा उन मांओं को,
जिन्होंने ऐसे पुत्रों को जन्म दिया।
देश की रक्षा के खातिर ,
तन, मन धन सब कुछ वार दिया

तिरंगे में लिपट गए ,
पर भारत मां पे आंच न आने दी।
तब जाकर भारत को वीरों ने,
दिलवाई आजादी थी।।
रूबी चेतन शुक्ला
अलीगंज
लखनऊ

3 Likes · 159 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
केवल भाग्य के भरोसे रह कर कर्म छोड़ देना बुद्धिमानी नहीं है।
केवल भाग्य के भरोसे रह कर कर्म छोड़ देना बुद्धिमानी नहीं है।
Paras Nath Jha
वफा से वफादारो को पहचानो
वफा से वफादारो को पहचानो
goutam shaw
कुदरत
कुदरत
manisha
“ कौन सुनेगा ?”
“ कौन सुनेगा ?”
DrLakshman Jha Parimal
फितरत
फितरत
Sukoon
वक्त
वक्त
Namrata Sona
राखी रे दिन आज मूं , मांगू यही मारा बीरा
राखी रे दिन आज मूं , मांगू यही मारा बीरा
gurudeenverma198
2986.*पूर्णिका*
2986.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
दिखती है हर दिशा में वो छवि तुम्हारी है
दिखती है हर दिशा में वो छवि तुम्हारी है
Er. Sanjay Shrivastava
हमने तो उड़ान भर ली सूरज को पाने की,
हमने तो उड़ान भर ली सूरज को पाने की,
Vishal babu (vishu)
मेरी कलम से…
मेरी कलम से…
Anand Kumar
दिल की जमीं से पलकों तक, गम ना यूँ ही आया होगा।
दिल की जमीं से पलकों तक, गम ना यूँ ही आया होगा।
डॉ.सीमा अग्रवाल
शबे दर्द जाती नही।
शबे दर्द जाती नही।
Taj Mohammad
दोहा - शीत
दोहा - शीत
sushil sarna
बापू गाँधी
बापू गाँधी
Kavita Chouhan
मुझे नहीं पसंद किसी की जीहुजूरी
मुझे नहीं पसंद किसी की जीहुजूरी
ruby kumari
आज कल रिश्ते भी प्राइवेट जॉब जैसे हो गये है अच्छा ऑफर मिलते
आज कल रिश्ते भी प्राइवेट जॉब जैसे हो गये है अच्छा ऑफर मिलते
Rituraj shivem verma
किस्सा मशहूर है जमाने में मेरा
किस्सा मशहूर है जमाने में मेरा
ठाकुर प्रतापसिंह "राणाजी"
💐प्रेम कौतुक-333💐
💐प्रेम कौतुक-333💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
"सदियों का सन्ताप"
Dr. Kishan tandon kranti
-शुभ स्वास्तिक
-शुभ स्वास्तिक
Seema gupta,Alwar
जिन्दगी
जिन्दगी
Ashwini sharma
लोग जाम पीना सीखते हैं
लोग जाम पीना सीखते हैं
Satish Srijan
🤔कौन हो तुम.....🤔
🤔कौन हो तुम.....🤔
सुरेश अजगल्ले 'इन्द्र '
तारों का झूमर
तारों का झूमर
Dr. Seema Varma
*साँसों ने तड़फना कब छोड़ा*
*साँसों ने तड़फना कब छोड़ा*
सुखविंद्र सिंह मनसीरत
विनाश नहीं करती जिन्दगी की सकारात्मकता
विनाश नहीं करती जिन्दगी की सकारात्मकता
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
हिंदी
हिंदी
Pt. Brajesh Kumar Nayak
■ जीवन सार
■ जीवन सार
*Author प्रणय प्रभात*
सच तो यह है
सच तो यह है
Dr fauzia Naseem shad
Loading...