Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
9 May 2023 · 1 min read

आदिकवि सरहपा।

आदिकवि सरहपा।
-आचार्य रामानंद मंडल

मैथिली के आदिकवि सरहपा।
हो गेल मैथिली से गायब।
अंगिका रखले हय जिंदा।
अंगिका के आदिकवि सरहपा।
मिटल न आदिकवि सरहपा।

सनातन -बौद्ध के संघर्ष में।
सरहपा हो गेल गायब।
मैथिली के अतीत।
मिथिला से हो गेल गायब।
मिथिला भे गेल अभागल ।

बौद्ध हो गेलय।
लाइट आफ एशिया।
सनातन रह गेल।
संकुचित होके भारत।
रामा मैथिली हो गेल घायल।
@आचार्य रामानंद मंडल

-आचार्य रामानंद मंडल, सामाजिक चिंतक सह साहित्यकार सीतामढ़ी।

Language: Maithili
1 Like · 391 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
हमारी दोस्ती अजीब सी है
हमारी दोस्ती अजीब सी है
Keshav kishor Kumar
जब भी आपसे कोई व्यक्ति खफ़ा होता है तो इसका मतलब यह नहीं है
जब भी आपसे कोई व्यक्ति खफ़ा होता है तो इसका मतलब यह नहीं है
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
उम्मीद कभी तू ऐसी मत करना
उम्मीद कभी तू ऐसी मत करना
gurudeenverma198
स्थापित भय अभिशाप
स्थापित भय अभिशाप
ज्ञानीचोर ज्ञानीचोर
दो शे' र
दो शे' र
डॉक्टर वासिफ़ काज़ी
जब  फ़ज़ाओं  में  कोई  ग़म  घोलता है
जब फ़ज़ाओं में कोई ग़म घोलता है
प्रदीप माहिर
विशेष दिन (महिला दिवस पर)
विशेष दिन (महिला दिवस पर)
Kanchan Khanna
वसंत पंचमी
वसंत पंचमी
Dr. Vaishali Verma
#संडे_स्पेशल
#संडे_स्पेशल
*Author प्रणय प्रभात*
"एक नज़्म लिख रहा हूँ"
Lohit Tamta
मुक्त पुरूष #...वो चला गया.....
मुक्त पुरूष #...वो चला गया.....
Santosh Soni
सोचा होगा
सोचा होगा
संजय कुमार संजू
अहमियत हमसे
अहमियत हमसे
Dr fauzia Naseem shad
जर्जर है कानून व्यवस्था,
जर्जर है कानून व्यवस्था,
ओनिका सेतिया 'अनु '
*नारी*
*नारी*
Dr. Priya Gupta
लिखा है किसी ने यह सच्च ही लिखा है
लिखा है किसी ने यह सच्च ही लिखा है
VINOD CHAUHAN
सब वर्ताव पर निर्भर है
सब वर्ताव पर निर्भर है
Mahender Singh
केवल मन में इच्छा रखने से जीवन में कोई बदलाव आने से रहा।
केवल मन में इच्छा रखने से जीवन में कोई बदलाव आने से रहा।
Paras Nath Jha
गुरुकुल भारत
गुरुकुल भारत
Sanjay ' शून्य'
" बीता समय कहां से लाऊं "
Chunnu Lal Gupta
तुम ही तो हो
तुम ही तो हो
Ashish Kumar
मौसम....
मौसम....
sushil yadav
गमों के साये
गमों के साये
Swami Ganganiya
pita
pita
Dr.Pratibha Prakash
अहोई अष्टमी का व्रत
अहोई अष्टमी का व्रत
Harminder Kaur
हर राह सफर की।
हर राह सफर की।
Taj Mohammad
लालच
लालच
Vandna thakur
तुम्हीं हो
तुम्हीं हो
हिमांशु बडोनी (दयानिधि)
*न जाने रोग है कोई, या है तेरी मेहरबानी【मुक्तक】*
*न जाने रोग है कोई, या है तेरी मेहरबानी【मुक्तक】*
Ravi Prakash
गुस्सा दिलाकर ,
गुस्सा दिलाकर ,
Umender kumar
Loading...