Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
5 Mar 2023 · 1 min read

My life’s situation

I’m in such a situation wherein the time has become constant in the velocity time graph of the phase of overcoming tremors and stress,
Oh law of inertia why are you suppressed.
The rate of change of momentum of life has become zero,
Oh Einstein , dalton now in my life you all aren’t the hero.
LHS is not becoming equal to RHS in my life’s equation,
Oh Pythagoras and mid point understand my notion.
Now I’m struck in a phase of life ,
Where words of authors are sounding like fife.
The grammar of living has become null and void,
My situation is like an electricity void solenoid.
I can use no inbuilt function of Java development kit,
I’m constantly falling into a volcanic crater like looking pit.
I guess the electrons of life have lost their attraction with the nucleus,
The law of conservation of mass has become a matter of fuzz.
The biography of renowned heroes are also seeming not to motivate,
The equilibrium of life’s elements are starting to crush my fate.
Now I need all the natural regions of world to tie my life’s broken lace.

Language: English
1 Like · 230 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
कमीजें
कमीजें
Madhavi Srivastava
मेरी हर कविता में सिर्फ तुम्हरा ही जिक्र है,
मेरी हर कविता में सिर्फ तुम्हरा ही जिक्र है,
लक्ष्मी वर्मा प्रतीक्षा
हिंदी दिवस पर राष्ट्राभिनंदन
हिंदी दिवस पर राष्ट्राभिनंदन
Seema gupta,Alwar
खामोश रहेंगे अभी तो हम, कुछ नहीं बोलेंगे
खामोश रहेंगे अभी तो हम, कुछ नहीं बोलेंगे
gurudeenverma198
मैं ....
मैं ....
sushil sarna
*बेवफ़ा से इश्क़*
*बेवफ़ा से इश्क़*
सुरेन्द्र शर्मा 'शिव'
बदनसीब लाइका ( अंतरिक्ष पर भेजी जाने वाला पशु )
बदनसीब लाइका ( अंतरिक्ष पर भेजी जाने वाला पशु )
ओनिका सेतिया 'अनु '
■ आलेख
■ आलेख
*प्रणय प्रभात*
मां की महत्ता
मां की महत्ता
Mangilal 713
*प्रश्नोत्तर अज्ञानी की कलम*
*प्रश्नोत्तर अज्ञानी की कलम*
जूनियर झनक कैलाश अज्ञानी
"पानी"
Dr. Kishan tandon kranti
अब न करेगे इश्क और न करेगे किसी की ग़ुलामी,
अब न करेगे इश्क और न करेगे किसी की ग़ुलामी,
Vishal babu (vishu)
ग़ज़ल/नज़्म - मुझे दुश्मनों की गलियों में रहना पसन्द आता है
ग़ज़ल/नज़्म - मुझे दुश्मनों की गलियों में रहना पसन्द आता है
अनिल कुमार
ज़िंदगी जीना
ज़िंदगी जीना
Dr fauzia Naseem shad
" *लम्हों में सिमटी जिंदगी* ""
सुनीलानंद महंत
प्रथम संवाद में अपने से श्रेष्ठ को कभी मित्र नहीं कहना , हो
प्रथम संवाद में अपने से श्रेष्ठ को कभी मित्र नहीं कहना , हो
DrLakshman Jha Parimal
*ऊन (बाल कविता)*
*ऊन (बाल कविता)*
Ravi Prakash
हारे हुए परिंदे को अब सजर याद आता है
हारे हुए परिंदे को अब सजर याद आता है
कवि दीपक बवेजा
धोखा मिला है अपनो से, तो तन्हाई से क्या डरना l
धोखा मिला है अपनो से, तो तन्हाई से क्या डरना l
Shyamsingh Lodhi Rajput (Tejpuriya)
हां मैं उत्तर प्रदेश हूं,
हां मैं उत्तर प्रदेश हूं,
Anand Kumar
किशोरावस्था : एक चिंतन
किशोरावस्था : एक चिंतन
Shyam Sundar Subramanian
राजनीति
राजनीति
Awadhesh Kumar Singh
बड़े भाग मानुष तन पावा
बड़े भाग मानुष तन पावा
आकांक्षा राय
ज़िन्दगी
ज़िन्दगी
SURYA PRAKASH SHARMA
हर रोज वहीं सब किस्से हैं
हर रोज वहीं सब किस्से हैं
Mahesh Tiwari 'Ayan'
अभिव्यक्ति के समुद्र में, मौत का सफर चल रहा है
अभिव्यक्ति के समुद्र में, मौत का सफर चल रहा है
प्रेमदास वसु सुरेखा
अतुल वरदान है हिंदी, सकल सम्मान है हिंदी।
अतुल वरदान है हिंदी, सकल सम्मान है हिंदी।
Neelam Sharma
I've lost myself
I've lost myself
VINOD CHAUHAN
अम्बेडकरवादी हाइकु / मुसाफ़िर बैठा
अम्बेडकरवादी हाइकु / मुसाफ़िर बैठा
Dr MusafiR BaithA
*बाल गीत (सपना)*
*बाल गीत (सपना)*
Rituraj shivem verma
Loading...