Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
3 May 2023 · 1 min read

अरे ये कौन नेता हैं, न आना बात में इनकी।

अरे ये कौन नेता हैं, न आना बात में इनकी।
पलट जाना मुकर जाना, लिखा है जात में इनकी।
कटोरा भीख का ले जब, चुनावी दौर में आएँ,
चटाना धूल तुम इनको, यही औकात है इनकी ।

जरूरत वोट की हो जब, गले लगते गरीबों के।
दिखाते भाव कुछ ऐसे, मसीहा हों गरीबों के।
नजर हटते पलट जाते, जरा देखो हँसी उनकी,
भिखारी से चले आते, भले बनते गरीबों के।

© सीमा अग्रवाल
मुरादाबाद

2 Likes · 498 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from डॉ.सीमा अग्रवाल
View all
You may also like:
सच्ची दोस्ती -
सच्ची दोस्ती -
Raju Gajbhiye
शुभह उठता रात में सोता था, कम कमाता चेन से रहता था
शुभह उठता रात में सोता था, कम कमाता चेन से रहता था
Anil chobisa
तारों का झूमर
तारों का झूमर
Dr. Seema Varma
आवाजें
आवाजें
सुशील मिश्रा ' क्षितिज राज '
राखी धागों का त्यौहार
राखी धागों का त्यौहार
Mukesh Kumar Sonkar
रेणुका और जमदग्नि घर,
रेणुका और जमदग्नि घर,
Satish Srijan
दोहे एकादश...
दोहे एकादश...
डॉ.सीमा अग्रवाल
माना के तू बेमिसाल है
माना के तू बेमिसाल है
shabina. Naaz
■आज का सवाल■
■आज का सवाल■
*Author प्रणय प्रभात*
हिन्दी हाइकु
हिन्दी हाइकु
राजीव नामदेव 'राना लिधौरी'
फितरत जग एक आईना
फितरत जग एक आईना
तारकेश्‍वर प्रसाद तरुण
भूतल अम्बर अम्बु में, सदा आपका वास।🙏
भूतल अम्बर अम्बु में, सदा आपका वास।🙏
संजीव शुक्ल 'सचिन'
नारी
नारी
Bodhisatva kastooriya
"सच की सूरत"
Dr. Kishan tandon kranti
प्रेम और आदर
प्रेम और आदर
ओंकार मिश्र
शायरी
शायरी
goutam shaw
मोहब्बत
मोहब्बत
AVINASH (Avi...) MEHRA
स्त्रीलिंग...एक ख़ूबसूरत एहसास
स्त्रीलिंग...एक ख़ूबसूरत एहसास
Mamta Singh Devaa
अमर स्वाधीनता सैनानी डॉ. राजेन्द्र प्रसाद
अमर स्वाधीनता सैनानी डॉ. राजेन्द्र प्रसाद
कवि रमेशराज
बहुत कीमती है पानी,
बहुत कीमती है पानी,
Anil Mishra Prahari
संविधान का पालन
संविधान का पालन
विजय कुमार अग्रवाल
फर्श पर हम चलते हैं
फर्श पर हम चलते हैं
Neeraj Agarwal
आजकल अकेले में बैठकर रोना पड़ रहा है
आजकल अकेले में बैठकर रोना पड़ रहा है
Keshav kishor Kumar
दिल धड़क उठा
दिल धड़क उठा
Surinder blackpen
भाग दौड़ की जिंदगी में अवकाश नहीं है ,
भाग दौड़ की जिंदगी में अवकाश नहीं है ,
Seema gupta,Alwar
मईया रानी
मईया रानी
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
जैसे एकसे दिखने वाले नमक और चीनी का स्वाद अलग अलग होता है...
जैसे एकसे दिखने वाले नमक और चीनी का स्वाद अलग अलग होता है...
Radhakishan R. Mundhra
23/60.*छत्तीसगढ़ी पूर्णिका*
23/60.*छत्तीसगढ़ी पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
*व्यर्थ में केवल नहीं, मशहूर होना चाहिए【गीतिका】*
*व्यर्थ में केवल नहीं, मशहूर होना चाहिए【गीतिका】*
Ravi Prakash
क्या हुआ गर नहीं हुआ, पूरा कोई एक सपना
क्या हुआ गर नहीं हुआ, पूरा कोई एक सपना
gurudeenverma198
Loading...