Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
17 May 2022 · 1 min read

अब कोई कुरबत नहीं

अब किसी को किसी की जरूरत नहीं
इसलिए अब दिलों मेंं मुहब्बत नहीं

प्यार ईमान की जिसमें हर ईंट हो
बनती अब ऐसी कोई इमारत नहीं

बाप-बेटे खिंचें एक दूजे से हैं
क्योंकि रिश्तों में उनके वो शिद्दत नहीं

रात भर करवटे वे बदलते रहे
पति-पत्नी में अब कोई कुरबत नहीं

बेवफाई बढ़ी इस क़दर है कि अब
तो वफ़ा की किसी को जरूरत नहीं

अब कोई भी किसी का भला क्यों करे
दिखती ऐसी किसी की तबीयत नहीं

आदमीयत का हर दिन गला घुट रहा
यूँ जनाजे में लोगों की शिरकत नहीं

रस्म पुरखों की हमने (शोहरत)ख़ुद तोड़ दी
चार कंधों पे जाती है मय्यत नहीं

डा. सुनीता सिंह ‘सुधा’शोहरत
वाराणसी
स्वरचित
15/5/2022

2 Likes · 1 Comment · 372 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from Dr. Sunita Singh
View all
You may also like:
आना ओ नोनी के दाई
आना ओ नोनी के दाई
डॉ विजय कुमार कन्नौजे
औरों के संग
औरों के संग
Punam Pande
*अज्ञानी की कलम*
*अज्ञानी की कलम*
जूनियर झनक कैलाश अज्ञानी
हमारी हिन्दी ऊँच-नीच का भेदभाव नहीं करती.,
हमारी हिन्दी ऊँच-नीच का भेदभाव नहीं करती.,
SPK Sachin Lodhi
साधना
साधना
Vandna Thakur
हे राम हृदय में आ जाओ
हे राम हृदय में आ जाओ
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
यादों का झरोखा
यादों का झरोखा
Madhavi Srivastava
आज कल कुछ इस तरह से चल रहा है,
आज कल कुछ इस तरह से चल रहा है,
kumar Deepak "Mani"
बेटी दिवस पर
बेटी दिवस पर
डॉ.सीमा अग्रवाल
दो शे'र
दो शे'र
डॉक्टर वासिफ़ काज़ी
🍁अंहकार🍁
🍁अंहकार🍁
Dr. Vaishali Verma
Quote...
Quote...
सोलंकी प्रशांत (An Explorer Of Life)
बदल देते हैं ये माहौल, पाकर चंद नोटों को,
बदल देते हैं ये माहौल, पाकर चंद नोटों को,
Jatashankar Prajapati
2289.पूर्णिका
2289.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
ईश्वर का उपहार है जीवन
ईश्वर का उपहार है जीवन
gurudeenverma198
■ प्रेरक कविता / आस का पंछी
■ प्रेरक कविता / आस का पंछी
*Author प्रणय प्रभात*
डर लगता है
डर लगता है
Shekhar Chandra Mitra
मुझे तुम
मुझे तुम
Dr fauzia Naseem shad
"साम","दाम","दंड" व् “भेद" की व्यथा
Dr. Harvinder Singh Bakshi
मेरे हृदय ने पूछा तुम कौन हो ?
मेरे हृदय ने पूछा तुम कौन हो ?
Manju sagar
दुर्योधन कब मिट पाया :भाग:40
दुर्योधन कब मिट पाया :भाग:40
AJAY AMITABH SUMAN
आलता-महावर
आलता-महावर
Pakhi Jain
I am Yash Mehra
I am Yash Mehra
Yash mehra
dr arun kumar shastri -you are mad for a job/ service - not
dr arun kumar shastri -you are mad for a job/ service - not
DR ARUN KUMAR SHASTRI
Dear  Black cat 🐱
Dear Black cat 🐱
Otteri Selvakumar
भारतीय लोकतांत्रिक व्यवस्था का भविष्य
भारतीय लोकतांत्रिक व्यवस्था का भविष्य
Shyam Sundar Subramanian
*तीन माह की प्यारी गुड़िया (बाल कविता)*
*तीन माह की प्यारी गुड़िया (बाल कविता)*
Ravi Prakash
देश के वीरों की जब बात चली..
देश के वीरों की जब बात चली..
Harminder Kaur
★बादल★
★बादल★
★ IPS KAMAL THAKUR ★
💐प्रेम कौतुक-361💐
💐प्रेम कौतुक-361💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
Loading...