Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
27 Mar 2023 · 1 min read

अपने वजूद की

औरों को देखने की ज़रूरत कभी न हो ।
अपने वजूद की अगर पहचान खुद बनो ।।

डाॅ फौज़िया नसीम शाद

Language: Hindi
Tag: शेर
7 Likes · 356 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from Dr fauzia Naseem shad
View all
You may also like:
सोच का आईना
सोच का आईना
Dr fauzia Naseem shad
अगर सक्सेज चाहते हो तो रुककर पीछे देखना छोड़ दो - दिनेश शुक्
अगर सक्सेज चाहते हो तो रुककर पीछे देखना छोड़ दो - दिनेश शुक्
dks.lhp
जून की दोपहर (कविता)
जून की दोपहर (कविता)
Kanchan Khanna
गीत।।। ओवर थिंकिंग
गीत।।। ओवर थिंकिंग
Shiva Awasthi
पवनसुत
पवनसुत
सिद्धार्थ गोरखपुरी
विश्व हुआ है  राममय,  गूँज  सुनो  चहुँ ओर
विश्व हुआ है राममय, गूँज सुनो चहुँ ओर
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
ग़ज़ल
ग़ज़ल
ईश्वर दयाल गोस्वामी
मुझे पता है।
मुझे पता है।
रोहताश वर्मा 'मुसाफिर'
2436.पूर्णिका
2436.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
नववर्ष।
नववर्ष।
Manisha Manjari
#दोषी_संरक्षक
#दोषी_संरक्षक
*Author प्रणय प्रभात*
Thought
Thought
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
शीर्षक : बरसात के दिनों में (हिन्दी)
शीर्षक : बरसात के दिनों में (हिन्दी)
Neeraj Agarwal
तू क्यों रोता है
तू क्यों रोता है
सुरेन्द्र शर्मा 'शिव'
ना गौर कर इन तकलीफो पर
ना गौर कर इन तकलीफो पर
TARAN VERMA
अंतिम सत्य
अंतिम सत्य
विजय कुमार अग्रवाल
विश्वास किसी पर इतना करो
विश्वास किसी पर इतना करो
नेताम आर सी
मेरे देश की मिट्टी
मेरे देश की मिट्टी
डॉ विजय कुमार कन्नौजे
रमेश कुमार जैन ,उनकी पत्रिका रजत और विशाल आयोजन
रमेश कुमार जैन ,उनकी पत्रिका रजत और विशाल आयोजन
Ravi Prakash
छेड़ता है मुझको यशोदा मैया
छेड़ता है मुझको यशोदा मैया
gurudeenverma198
तेरी धड़कन मेरे गीत
तेरी धड़कन मेरे गीत
Prakash Chandra
क्या यह महज संयोग था या कुछ और.... (4)
क्या यह महज संयोग था या कुछ और.... (4)
Dr. Pradeep Kumar Sharma
प्रेम की अनिवार्यता
प्रेम की अनिवार्यता
ब्रजनंदन कुमार 'विमल'
इस धरती पर
इस धरती पर
surenderpal vaidya
मत कर
मत कर
Surinder blackpen
किसी के साथ की गयी नेकी कभी रायगां नहीं जाती
किसी के साथ की गयी नेकी कभी रायगां नहीं जाती
shabina. Naaz
सिर्फ खुशी में आना तुम
सिर्फ खुशी में आना तुम
Jitendra Chhonkar
कहानी -
कहानी - "सच्चा भक्त"
Dr Tabassum Jahan
बोलना , सुनना और समझना । इन तीनों के प्रभाव से व्यक्तित्व मे
बोलना , सुनना और समझना । इन तीनों के प्रभाव से व्यक्तित्व मे
Raju Gajbhiye
जिन्दगी की धूप में शीतल सी छाव है मेरे बाऊजी
जिन्दगी की धूप में शीतल सी छाव है मेरे बाऊजी
सुशील मिश्रा ' क्षितिज राज '
Loading...