Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
29 Sep 2022 · 1 min read

✍️दूरियाँ वो भी सहता है ✍️

वो मुझसे दूर रहता है मैं उससे दूर रहती हुँ,
वो दिल से बात कहता है मैं दिल की बात सुनती हुँ,
हकीकत मे बदल सपने हर एक ज़िम्मा निभाना है,
सिर्फ इसीलिए,
दूरियाँ वो भी सहता है दूरियाँ मैं भी सहती हुँ।

✍️वैष्णवी गुप्ता
कौशांबी

8 Likes · 8 Comments · 273 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
ज़िदादिली
ज़िदादिली
Shyam Sundar Subramanian
जब कभी तुम्हारा बेटा ज़बा हों, तो उसे बताना ज़रूर
जब कभी तुम्हारा बेटा ज़बा हों, तो उसे बताना ज़रूर
The_dk_poetry
ग़ज़ल
ग़ज़ल
Shweta Soni
आज की नारी
आज की नारी
Shriyansh Gupta
సంస్థ అంటే సేవ
సంస్థ అంటే సేవ
डॉ गुंडाल विजय कुमार 'विजय'
बीन अधीन फणीश।
बीन अधीन फणीश।
Neelam Sharma
शायर की मोहब्बत
शायर की मोहब्बत
Madhuyanka Raj
जिंदगी तेरे नाम हो जाए
जिंदगी तेरे नाम हो जाए
Surinder blackpen
जिंदगी का सवेरा
जिंदगी का सवेरा
Dr. Man Mohan Krishna
मेहनत का फल
मेहनत का फल
Pushpraj Anant
*
*"हिंदी"*
Shashi kala vyas
आप लिखते कमाल हैं साहिब।
आप लिखते कमाल हैं साहिब।
सत्य कुमार प्रेमी
अछय तृतीया
अछय तृतीया
Bodhisatva kastooriya
मुँहतोड़ जवाब मिलेगा
मुँहतोड़ जवाब मिलेगा
Dr. Pradeep Kumar Sharma
मुश्किलों में उम्मीद यूँ मुस्कराती है
मुश्किलों में उम्मीद यूँ मुस्कराती है
VINOD CHAUHAN
रेत घड़ी / मुसाफ़िर बैठा
रेत घड़ी / मुसाफ़िर बैठा
Dr MusafiR BaithA
सम्बंध बराबर या फिर
सम्बंध बराबर या फिर
*प्रणय प्रभात*
बेहयाई दुनिया में इस कदर छाई ।
बेहयाई दुनिया में इस कदर छाई ।
ओनिका सेतिया 'अनु '
तन्हाई बड़ी बातूनी होती है --
तन्हाई बड़ी बातूनी होती है --
Seema Garg
* सिला प्यार का *
* सिला प्यार का *
surenderpal vaidya
अंबर तारों से भरा, फिर भी काली रात।
अंबर तारों से भरा, फिर भी काली रात।
लक्ष्मी सिंह
हाय.
हाय.
Vishal babu (vishu)
सवाल~
सवाल~
दिनेश एल० "जैहिंद"
"शहीद वीर नारायण सिंह"
Dr. Kishan tandon kranti
हावी दिलो-दिमाग़ पर, आज अनेकों रोग
हावी दिलो-दिमाग़ पर, आज अनेकों रोग
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
नीरज…
नीरज…
Mahendra singh kiroula
“बदलते रिश्ते”
“बदलते रिश्ते”
पंकज कुमार कर्ण
चाँदनी .....
चाँदनी .....
sushil sarna
2397.पूर्णिका
2397.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
*कुछ नहीं मेरा जगत में, और कुछ लाया नहीं【मुक्तक 】*
*कुछ नहीं मेरा जगत में, और कुछ लाया नहीं【मुक्तक 】*
Ravi Prakash
Loading...