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18 Nov 2023 · 1 min read

তোমার চরণে ঠাঁই দাও আমায় আলতা করে

এ জীবনের পরে স্বর্গে যেতে পারবো কিনা জানিনা
এ জীবনেই স্বর্গ লাভ করতে চাই তোমার চরণে থেকে,
সুন্দরের দিক থেকে
তোমার চরণ স্বর্গের চেয়েও সুন্দর,
তাই হে প্রিয়তমা তোমার চরণে ঠাঁই দাও আমায়
আলতা করে।

আমি যদি অট্টালিকায় থাকার সুযোগ পাই
তবু থাকবো না
ওখানে থেকে কোনো সুখ পাবো না,
তোমার চরণ তো মেঘের মতো নরম
মেঘে থাকার সুখ তোমার চরণে থেকেই পাওয়া যাবে,
তাই হে প্রিয়তমা তোমার চরণে ঠাঁই দাও আমায়
আলতা করে।

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