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23 Apr 2023 · 1 min read

सुकरात के शागिर्द

जब सुकरात को मुर्शीद मान लिए
हम सच कहना कैसे छोड़ेंगे!
अब तो सूली मिले या ज़हर हमें
अंज़ाम से मुंह नहीं मोड़ेंगे!!
हम अपनी बेबाक तक़रीरों और
गुस्ताख़ तहरीरों के ज़रिए!
तुम देख लेना जिल्ले-इलाही का
तिलिस्म हर हाल में तोड़ेंगे!!
#इंकलाबी #अवामी #शायरी
#क्रांतिकारी #कविता #विद्रोही
#नौजवान #revolution
#बागी #atheist #रोमांटिक
#शेखर_चंद्र_मित्रा #शायर

Language: Hindi
272 Views
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