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9 Jun 2023 · 1 min read

सत्यता वह खुशबू का पौधा है

सत्यता वह खुशबू का पौधा है
जिसको आप काट दोगे छांट दोगे
फिर भी उसमें खुशबू तो आती ही रहेगी
यही सत्यता की पहचान है

सद्कवि प्रेमदास वसु सुरेखा

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