Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
5 Sep 2023 · 1 min read

शिक्षक श्री कृष्ण

जब वंशीधर गुरु बने,
बाँटा गीता ज्ञान ,
सार जीवन दर्शन का,
धर्म कर्म निर्वाण,

धर्म कर्म निर्वाण ,
चक्र क्या मोह माया का ?
अमर अजर है ’जीव’ .
क्षरण होता काया का,

पार्थ हुए चैतन्य ,
खुल गये ज्ञान चक्षु तब,
रण भूमि कुरुक्षेत्र ,
कॄष्ण ने ज्ञान दिया जब !
-ओम प्रकाश नौटियाल

1 Like · 88 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
ये दिल उन्हें बद्दुआ कैसे दे दें,
ये दिल उन्हें बद्दुआ कैसे दे दें,
Taj Mohammad
ग़ज़ल/नज़्म - वजूद-ए-हुस्न को जानने की मैंने पूरी-पूरी तैयारी की
ग़ज़ल/नज़्म - वजूद-ए-हुस्न को जानने की मैंने पूरी-पूरी तैयारी की
अनिल कुमार
जीतना
जीतना
Shutisha Rajput
निगाहें मिलाके सितम ढाने वाले ।
निगाहें मिलाके सितम ढाने वाले ।
Phool gufran
🌹🙏🌹🙏🌹🙏🌹
🌹🙏🌹🙏🌹🙏🌹
Dr Shweta sood
रंगों का महापर्व होली
रंगों का महापर्व होली
Er. Sanjay Shrivastava
शाश्वत प्रेम
शाश्वत प्रेम
Bodhisatva kastooriya
जिन्दगी के रोजमर्रे की रफ़्तार में हम इतने खो गए हैं की कभी
जिन्दगी के रोजमर्रे की रफ़्तार में हम इतने खो गए हैं की कभी
Sukoon
जीवन में मोह माया का अपना रंग है।
जीवन में मोह माया का अपना रंग है।
Neeraj Agarwal
किसी की लाचारी पर,
किसी की लाचारी पर,
Dr. Man Mohan Krishna
2384.पूर्णिका
2384.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
शिमले दी राहें
शिमले दी राहें
Satish Srijan
एक फूल
एक फूल
Anil "Aadarsh"
सरप्लस सुख / MUSAFIR BAITHA
सरप्लस सुख / MUSAFIR BAITHA
Dr MusafiR BaithA
कर दो बहाल पुरानी पेंशन
कर दो बहाल पुरानी पेंशन
gurudeenverma198
डॉ अरूण कुमार शास्त्री
डॉ अरूण कुमार शास्त्री
DR ARUN KUMAR SHASTRI
प्यार का पंचनामा
प्यार का पंचनामा
Dr Parveen Thakur
"पशु-पक्षियों की बोली"
Dr. Kishan tandon kranti
🌺ये गर्ल!स्टोरी में ट्विस्ट दे रही🌺
🌺ये गर्ल!स्टोरी में ट्विस्ट दे रही🌺
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
माँ गौरी रूपेण संस्थिता
माँ गौरी रूपेण संस्थिता
Pratibha Pandey
🔘सुविचार🔘
🔘सुविचार🔘
विनोद कृष्ण सक्सेना, पटवारी
कुत्तों की बारात (हास्य व्यंग)
कुत्तों की बारात (हास्य व्यंग)
Ram Krishan Rastogi
कविता जो जीने का मर्म बताये
कविता जो जीने का मर्म बताये
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
जाते-जाते भी नहीं, जाता फागुन माह
जाते-जाते भी नहीं, जाता फागुन माह
Ravi Prakash
अजीब है भारत के लोग,
अजीब है भारत के लोग,
जय लगन कुमार हैप्पी
हर एक ईट से उम्मीद लगाई जाती है
हर एक ईट से उम्मीद लगाई जाती है
कवि दीपक बवेजा
सामाजिकता
सामाजिकता
Punam Pande
प्यार और विश्वास
प्यार और विश्वास
Harminder Kaur
भक्त गोरा कुम्हार
भक्त गोरा कुम्हार
Pravesh Shinde
प्रेम गजब है
प्रेम गजब है
ऐ./सी.राकेश देवडे़ बिरसावादी
Loading...