Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
2 Mar 2023 · 1 min read

*रखो सम्मोहक बोली 【कुंडलिया】*

रखो सम्मोहक बोली 【कुंडलिया】
■■■■■■■■■■■■■■■■■
गोली कड़वी हो भले ,मीठा रखिए खोल
पता न चलना चाहिए ,क्या है अंदर पोल
क्या है अंदर पोल , कष्टप्रद देना पड़ता
अच्छा है कैप्सूल , जीभ से नहीं झगड़ता
कहते रवि कविराय ,रखो सम्मोहक बोली
कड़वा भले प्रभाव ,किंतु ज्यों मीठी गोली
■■■■■■■■■■■■■■■■■■
रचयिता : रवि प्रकाश ,बाजार सर्राफा
रामपुर (उत्तर प्रदेश)
मोबाइल 99976 15451

219 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from Ravi Prakash
View all
You may also like:
कर मुसाफिर सफर तू अपने जिंदगी  का,
कर मुसाफिर सफर तू अपने जिंदगी का,
Yogendra Chaturwedi
तेरी चाहत में सच तो तुम हो
तेरी चाहत में सच तो तुम हो
Neeraj Agarwal
वो बातें
वो बातें
Shyam Sundar Subramanian
दगा और बफा़
दगा और बफा़
Dr. Akhilesh Baghel "Akhil"
वतन में रहने वाले ही वतन को बेचा करते
वतन में रहने वाले ही वतन को बेचा करते
जूनियर झनक कैलाश अज्ञानी झाँसी
हालातों से हारकर दर्द को लब्ज़ो की जुबां दी हैं मैंने।
हालातों से हारकर दर्द को लब्ज़ो की जुबां दी हैं मैंने।
अजहर अली (An Explorer of Life)
ग़ज़ल
ग़ज़ल
Neelofar Khan
प्रश्न  शूल आहत करें,
प्रश्न शूल आहत करें,
sushil sarna
"कवि तो वही"
Dr. Kishan tandon kranti
ग़ज़ल --
ग़ज़ल --
Seema Garg
3333.⚘ *पूर्णिका* ⚘
3333.⚘ *पूर्णिका* ⚘
Dr.Khedu Bharti
आगाज़-ए-नववर्ष
आगाज़-ए-नववर्ष
Suman (Aditi Angel 🧚🏻)
👏बुद्धं शरणम गच्छामी👏
👏बुद्धं शरणम गच्छामी👏
*प्रणय प्रभात*
सुविचार
सुविचार
Sunil Maheshwari
फूल
फूल
Punam Pande
तुम्हीं सुनोगी कोई सुनता नहीं है
तुम्हीं सुनोगी कोई सुनता नहीं है
DrLakshman Jha Parimal
माँ
माँ
लक्ष्मी सिंह
इक नई सी दस्तक मेरे दिल में हर रोज़ होती है,
इक नई सी दस्तक मेरे दिल में हर रोज़ होती है,
डॉ. शशांक शर्मा "रईस"
मोहब्बत में जीत कहां मिलती है,
मोहब्बत में जीत कहां मिलती है,
लक्ष्मी वर्मा प्रतीक्षा
तू सुन ले मेरे दिल की पुकार को
तू सुन ले मेरे दिल की पुकार को
gurudeenverma198
बिना पंख फैलाये पंछी को दाना नहीं मिलता
बिना पंख फैलाये पंछी को दाना नहीं मिलता
Anil Mishra Prahari
कितना आसान होता है किसी रिश्ते को बनाना
कितना आसान होता है किसी रिश्ते को बनाना
पूर्वार्थ
*बरसे एक न बूँद, मेघ क्यों आए काले ?*(कुंडलिया)
*बरसे एक न बूँद, मेघ क्यों आए काले ?*(कुंडलिया)
Ravi Prakash
एक नज़र से ही मौहब्बत का इंतेखाब हो गया।
एक नज़र से ही मौहब्बत का इंतेखाब हो गया।
Phool gufran
ढलता सूरज गहराती लालिमा देती यही संदेश
ढलता सूरज गहराती लालिमा देती यही संदेश
Neerja Sharma
*
*"राम नाम रूपी नवरत्न माला स्तुति"
Shashi kala vyas
जिस सनातन छत्र ने, किया दुष्टों को माप
जिस सनातन छत्र ने, किया दुष्टों को माप
Vishnu Prasad 'panchotiya'
किसी ने हमसे कहा कि सरोवर एक ही होता है इसमें हंस मोती ढ़ूँढ़त
किसी ने हमसे कहा कि सरोवर एक ही होता है इसमें हंस मोती ढ़ूँढ़त
Dr. Man Mohan Krishna
आप नौसेखिए ही रहेंगे
आप नौसेखिए ही रहेंगे
Lakhan Yadav
गंणपति
गंणपति
Anil chobisa
Loading...