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14 Feb 2024 · 1 min read

मैं एक फरियाद लिए बैठा हूँ

मैं एक फरियाद लिए बैठा हूँ
मैं एक झूठी आस लिए बैठा हूँ
जख्मों के इस बाज़ार में, मैं
दर्द दर्द भरी पुकार लिए बैठा हूँ

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