Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
12 May 2024 · 1 min read

बस जिंदगी है गुज़र रही है

बस जिंदगी है गुज़र रही है
हर रोज़ कोई उम्मीद मर रही है

32 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
कर गमलो से शोभित जिसका
कर गमलो से शोभित जिसका
प्रेमदास वसु सुरेखा
हिन्दुस्तान जहाँ से अच्छा है
हिन्दुस्तान जहाँ से अच्छा है
Dinesh Kumar Gangwar
अनुभव एक ताबीज है
अनुभव एक ताबीज है
नील पदम् Deepak Kumar Srivastava (दीपक )(Neel Padam)
आज वक्त हूं खराब
आज वक्त हूं खराब
साहित्य गौरव
एक दिन मजदूरी को, देते हो खैरात।
एक दिन मजदूरी को, देते हो खैरात।
Manoj Mahato
सारी रोशनी को अपना बना कर बैठ गए
सारी रोशनी को अपना बना कर बैठ गए
कवि दीपक बवेजा
बिना शर्त खुशी
बिना शर्त खुशी
Rohit yadav
प्यार नहीं दे पाऊँगा
प्यार नहीं दे पाऊँगा
Kaushal Kumar Pandey आस
राम छोड़ ना कोई हमारे..
राम छोड़ ना कोई हमारे..
Vijay kumar Pandey
कुछ खो गया, तो कुछ मिला भी है
कुछ खो गया, तो कुछ मिला भी है
Anil Mishra Prahari
जज़्बात
जज़्बात
Neeraj Agarwal
मैं पढ़ता हूं
मैं पढ़ता हूं
डॉ० रोहित कौशिक
टूटेगा एतबार
टूटेगा एतबार
Dr fauzia Naseem shad
फकत है तमन्ना इतनी।
फकत है तमन्ना इतनी।
Taj Mohammad
!! कुद़रत का संसार !!
!! कुद़रत का संसार !!
Chunnu Lal Gupta
सत्कर्म करें
सत्कर्म करें
Sanjay ' शून्य'
भारत चाँद पर छाया हैं…
भारत चाँद पर छाया हैं…
शांतिलाल सोनी
देश भक्त का अंतिम दिन
देश भक्त का अंतिम दिन
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
मेरे भगवान
मेरे भगवान
Dr.Priya Soni Khare
मैं तो महज एक ख्वाब हूँ
मैं तो महज एक ख्वाब हूँ
VINOD CHAUHAN
■ देश भर के जनाक्रोश को शब्द देने का प्रयास।
■ देश भर के जनाक्रोश को शब्द देने का प्रयास।
*प्रणय प्रभात*
लेखन की पंक्ति - पंक्ति राष्ट्र जागरण के नाम,
लेखन की पंक्ति - पंक्ति राष्ट्र जागरण के नाम,
Anamika Tiwari 'annpurna '
जवानी
जवानी
Bodhisatva kastooriya
*अजब है उसकी माया*
*अजब है उसकी माया*
Poonam Matia
गौर फरमाइए
गौर फरमाइए
राजीव नामदेव 'राना लिधौरी'
* ज्योति जगानी है *
* ज्योति जगानी है *
surenderpal vaidya
प्रथम गुरु
प्रथम गुरु
डॉ विजय कुमार कन्नौजे
केना  बुझब  मित्र आहाँ केँ कहियो नहिं गप्प केलहूँ !
केना बुझब मित्र आहाँ केँ कहियो नहिं गप्प केलहूँ !
DrLakshman Jha Parimal
*सर्वोत्तम शाकाहार है (गीत)*
*सर्वोत्तम शाकाहार है (गीत)*
Ravi Prakash
*खामोशी अब लब्ज़ चाहती है*
*खामोशी अब लब्ज़ चाहती है*
Shashi kala vyas
Loading...