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9 Jan 2024 · 1 min read

पढ़ने को आतुर है,

पढ़ने को आतुर है,
कोई सामने तो आकर देखे,
हम तो स्वर भेदी तीर
चला दिया करते हैं,
कोई गुनगुना कर तो देखे .।।

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