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22 Aug 2023 · 1 min read

नारी के कौशल से कोई क्षेत्र न बचा अछूता।

नारी के कौशल से कोई क्षेत्र न बचा अछूता।
वीरांगना नारियां ही बनती हैं वीर-प्रसूता।।
हर युग में कवि गाते आए हैं नारी की महिमा,
नारी की क्षमता-ममता को जा न सका है कूता।।

© महेश चन्द्र त्रिपाठी

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