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15 Feb 2023 · 1 min read

झील के ठहरे पानी में,

झील के ठहरे पानी में,
मारा हो कंकड़ किसी ने जैसे।
मौजों को चचंल कर दिया,
दरीचे से झाँक कर उसने।

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