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29 May 2018 · 1 min read

जीवन के आधार (सरसी छंद)

ईश्वर के दो रूप सही है, निराकार साकार !
सृजनहार हैं सत्य सृष्टि के,है इनसे आधार!
दिये सृष्टि ने हमे अनगिनत, नित्य मित्र उपहार!
समझेगा कब इसे आदमी, …इनसे है संसार! !

हवा भूमि जल अग्नि व्योम हैं, जीवन के आधार !
इनसे ही है पूर्ण जिंदगी,……कर लेना स्वीकार!
पञ्च तत्व के सहज मेल से , लेता तन आकार !
तत्व सभी अनमोल इसलिए, …इनसे हैं संसार !!
रमेश शर्मा.

Language: Hindi
1 Like · 251 Views
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