Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
8 May 2024 · 1 min read

छोटे छोटे सपने

अपने छोटे छोटे सपने,
गांव गली में मिल जाते हैं।
उनको ही पाकर के सृजन,
मुरझाये दिल खिल जाते हैं।

इक छत, कपड़ा दो जोड़ी भर,
तीन जून का खाना।
इतनी ही मौलिक अभिलाषा
चाहूं नहीं खजाना।

हाय हवस दुखदायी होती,
देते बस संताप।
खोटे कर्म गिरा देते हैं,
करवाते हैं पाप।

सांझ सबेरे राम भजन हो,
बिखरे चहुं दिश कांति।
सब्र संतोष बढ़े खुब मन में,
उपजे अंदर शान्ति।

Language: Hindi
51 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from Satish Srijan
View all
You may also like:
तितली रानी (बाल कविता)
तितली रानी (बाल कविता)
नाथ सोनांचली
सरस्वती वंदना-1
सरस्वती वंदना-1
डाॅ. बिपिन पाण्डेय
आपसे गुफ्तगू ज़रूरी है
आपसे गुफ्तगू ज़रूरी है
Surinder blackpen
जो गर्मी शीत वर्षा में भी सातों दिन कमाता था।
जो गर्मी शीत वर्षा में भी सातों दिन कमाता था।
सत्य कुमार प्रेमी
दोलत - शोरत कर रहे, हम सब दिनों - रात।
दोलत - शोरत कर रहे, हम सब दिनों - रात।
Anil chobisa
डर होता है
डर होता है
अभिषेक पाण्डेय 'अभि ’
आप और हम जीवन के सच................एक सोच
आप और हम जीवन के सच................एक सोच
Neeraj Agarwal
*सरल हृदय श्री सत्य प्रकाश शर्मा जी*
*सरल हृदय श्री सत्य प्रकाश शर्मा जी*
Ravi Prakash
Image at Hajipur
Image at Hajipur
Hajipur
Temple of Raam
Temple of Raam
Sandhya Chaturvedi(काव्यसंध्या)
इस दरिया के पानी में जब मिला,
इस दरिया के पानी में जब मिला,
Sahil Ahmad
अंदाज़े बयाँ
अंदाज़े बयाँ
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
समय
समय
Dr.Priya Soni Khare
ఓ యువత మేలుకో..
ఓ యువత మేలుకో..
डॉ गुंडाल विजय कुमार 'विजय'
शेखर सिंह ✍️
शेखर सिंह ✍️
शेखर सिंह
सुधार आगे के लिए परिवेश
सुधार आगे के लिए परिवेश
Umesh उमेश शुक्ल Shukla
जब तुम आए जगत में, जगत हंसा तुम रोए।
जब तुम आए जगत में, जगत हंसा तुम रोए।
Dr MusafiR BaithA
#महाभारत
#महाभारत
*प्रणय प्रभात*
स्त्रियाँ
स्त्रियाँ
Shweta Soni
मन से उतरे लोग दाग धब्बों की तरह होते हैं
मन से उतरे लोग दाग धब्बों की तरह होते हैं
ruby kumari
"परोपकार के काज"
Dr. Kishan tandon kranti
कोई यादों में रहा, कोई ख्यालों में रहा;
कोई यादों में रहा, कोई ख्यालों में रहा;
manjula chauhan
हिन्दी पर हाइकू .....
हिन्दी पर हाइकू .....
sushil sarna
बसंत पंचमी
बसंत पंचमी
Madhu Shah
वफ़ा की परछाईं मेरे दिल में सदा रहेंगी,
वफ़ा की परछाईं मेरे दिल में सदा रहेंगी,
डॉ. शशांक शर्मा "रईस"
राधा अष्टमी पर कविता
राधा अष्टमी पर कविता
कार्तिक नितिन शर्मा
3523.🌷 *पूर्णिका* 🌷
3523.🌷 *पूर्णिका* 🌷
Dr.Khedu Bharti
क्या हुआ ???
क्या हुआ ???
Shaily
बेटियां
बेटियां
Dr Parveen Thakur
प्यार करोगे तो तकलीफ मिलेगी
प्यार करोगे तो तकलीफ मिलेगी
Harminder Kaur
Loading...