Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
16 Jan 2023 · 1 min read

आज का बालीवुड

अब कमा लो चाहे जितना
एक तमाशाई ही कहलाओगे!
किसी और के इशारे पर
अपना दुर्लभ जीवन गंवाओगे!
इज्ज़त-दौलत-शोहरत
सब कुछ तो तुम्हारा नकली है!
तुम खाली हाथ ही आए थे
और खाली हाथ ही जाओगे!
Shekhar Chandra Mitra
#celebrity #bollywood
#actor #silent #ज्वलंत
#चुनी_हुई_चुप्पियां #प्रश्न
#burning #issues #politics

Language: Hindi
155 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
*
*"अवध में राम आये हैं"*
Shashi kala vyas
“ अपनों में सब मस्त हैं ”
“ अपनों में सब मस्त हैं ”
DrLakshman Jha Parimal
माँ
माँ
shambhavi Mishra
गाँधी जयंती
गाँधी जयंती
Surya Barman
वक्त बर्बाद करने वाले को एक दिन वक्त बर्बाद करके छोड़ता है।
वक्त बर्बाद करने वाले को एक दिन वक्त बर्बाद करके छोड़ता है।
Paras Nath Jha
93. ये खत मोहब्बत के
93. ये खत मोहब्बत के
Dr. Man Mohan Krishna
मंत्र  :  दधाना करपधाभ्याम,
मंत्र : दधाना करपधाभ्याम,
Harminder Kaur
माँ दुर्गा की नारी शक्ति
माँ दुर्गा की नारी शक्ति
कवि रमेशराज
एक ख़्वाहिश
एक ख़्वाहिश
सुरेन्द्र शर्मा 'शिव'
तन को सुंदर ना कर मन को सुंदर कर ले 【Bhajan】
तन को सुंदर ना कर मन को सुंदर कर ले 【Bhajan】
Khaimsingh Saini
जुदाई की शाम
जुदाई की शाम
Shekhar Chandra Mitra
लहरों ने टूटी कश्ती को कमतर समझ लिया
लहरों ने टूटी कश्ती को कमतर समझ लिया
अंसार एटवी
माँ-बाप का मोह, बच्चे का अंधेरा
माँ-बाप का मोह, बच्चे का अंधेरा
पूर्वार्थ
छोड़ जाते नही पास आते अगर
छोड़ जाते नही पास आते अगर
कृष्णकांत गुर्जर
जय श्री कृष्ण
जय श्री कृष्ण
Bodhisatva kastooriya
शुभ प्रभात मित्रो !
शुभ प्रभात मित्रो !
Mahesh Jain 'Jyoti'
नियत
नियत
Shutisha Rajput
माथे पर दुपट्टा लबों पे मुस्कान रखती है
माथे पर दुपट्टा लबों पे मुस्कान रखती है
Keshav kishor Kumar
तुम जब भी जमीन पर बैठो तो लोग उसे तुम्हारी औक़ात नहीं बल्कि
तुम जब भी जमीन पर बैठो तो लोग उसे तुम्हारी औक़ात नहीं बल्कि
लोकेश शर्मा 'अवस्थी'
आस नहीं मिलने की फिर भी,............ ।
आस नहीं मिलने की फिर भी,............ ।
निरंजन कुमार तिलक 'अंकुर'
पापी करता पाप से,
पापी करता पाप से,
sushil sarna
मैं उसकी निग़हबानी का ऐसा शिकार हूँ
मैं उसकी निग़हबानी का ऐसा शिकार हूँ
Shweta Soni
कभी भी ग़म के अँधेरों  से तुम नहीं डरना
कभी भी ग़म के अँधेरों से तुम नहीं डरना
Dr Archana Gupta
नाम लिख तो दिया और मिटा भी दिया
नाम लिख तो दिया और मिटा भी दिया
SHAMA PARVEEN
रंग भरी एकादशी
रंग भरी एकादशी
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
दो शे'र
दो शे'र
डॉक्टर वासिफ़ काज़ी
#संकट-
#संकट-
*Author प्रणय प्रभात*
मेरी फितरत ही बुरी है
मेरी फितरत ही बुरी है
VINOD CHAUHAN
सेर
सेर
सूरज राम आदित्य (Suraj Ram Aditya)
अपनी क़ीमत
अपनी क़ीमत
Dr fauzia Naseem shad
Loading...