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16 May 2023 · 1 min read

ग़ैरत ही होती तो

ग़ैरत ही होती तो
बेनागा बेग़ैरत
क्यों होते..?
“बेचारे तनख़ैया!!”

😢प्रणय प्रभात😢

1 Like · 145 Views
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