Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
23 Sep 2023 · 1 min read

गम खास होते हैं

गम खास होते हैं
सबके साथ बाटे नही जाते।।

शिकायतें उससे भी खास होती हैं
हर किसी से नही की जाती।।

इक खुशी ही है
जो सस्ती है सबको दी जा सकती है।।

Ruby

1 Like · 210 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
वो कभी दूर तो कभी पास थी
वो कभी दूर तो कभी पास थी
'अशांत' शेखर
तुम अपने धुन पर नाचो
तुम अपने धुन पर नाचो
DrLakshman Jha Parimal
"तब कैसा लगा होगा?"
Dr. Kishan tandon kranti
#मुक्तक
#मुक्तक
*Author प्रणय प्रभात*
*मकान (बाल कविता)*
*मकान (बाल कविता)*
Ravi Prakash
अंदर से टूट कर भी
अंदर से टूट कर भी
Dr fauzia Naseem shad
नारी को सदा राखिए संग
नारी को सदा राखिए संग
Ram Krishan Rastogi
रंगीला बचपन
रंगीला बचपन
Dr. Pradeep Kumar Sharma
एक समझदार व्यक्ति द्वारा रिश्तों के निर्वहन में अचानक शिथिल
एक समझदार व्यक्ति द्वारा रिश्तों के निर्वहन में अचानक शिथिल
Paras Nath Jha
चलो
चलो
हिमांशु Kulshrestha
जाने कैसे आँख की,
जाने कैसे आँख की,
sushil sarna
3274.*पूर्णिका*
3274.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
करवाचौथ
करवाचौथ
Neeraj Agarwal
मां का दर रहे सब चूम
मां का दर रहे सब चूम
Umesh उमेश शुक्ल Shukla
भ्रमन टोली ।
भ्रमन टोली ।
Nishant prakhar
हां मैं दोगला...!
हां मैं दोगला...!
भवेश
खंड: 1
खंड: 1
Rambali Mishra
ہر طرف رنج ہے، آلام ہے، تنہائی ہے
ہر طرف رنج ہے، آلام ہے، تنہائی ہے
अरशद रसूल बदायूंनी
जिया ना जाए तेरे बिन
जिया ना जाए तेरे बिन
Basant Bhagawan Roy
प्रेम
प्रेम
Shyam Sundar Subramanian
अच्छा बोलने से अगर अच्छा होता,
अच्छा बोलने से अगर अच्छा होता,
Manoj Mahato
प्रेम के नाम पर मर मिटने वालों की बातें सुनकर हंसी आता है, स
प्रेम के नाम पर मर मिटने वालों की बातें सुनकर हंसी आता है, स
पूर्वार्थ
बाबा साहब एक महान पुरुष या भगवान
बाबा साहब एक महान पुरुष या भगवान
जय लगन कुमार हैप्पी
पर्यावरण और प्रकृति
पर्यावरण और प्रकृति
Dhriti Mishra
शिछा-दोष
शिछा-दोष
Bodhisatva kastooriya
बेजुबान तस्वीर
बेजुबान तस्वीर
Neelam Sharma
आज बाजार बन्द है
आज बाजार बन्द है
gurudeenverma198
कड़वी बात~
कड़वी बात~
दिनेश एल० "जैहिंद"
बुद्ध या विनाश
बुद्ध या विनाश
Shekhar Chandra Mitra
I want to find you in my depth,
I want to find you in my depth,
Sakshi Tripathi
Loading...