Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
18 Aug 2016 · 1 min read

कविता :– होता अगर मेरे पास भाई !!

कविता :– होता अगर मेरे पास भाई !!

होता अगर मेरे पास भाई !
खुश होते मेरे बापू और माई !!

माँ-बाप की किस्मत का तारा वो होता ,
रात दिन आँखों कि पलको मे सोता ,
मुझे प्यार से वो कहता बहन ,
गुस्से मे आता , मै करती सहन ,
कभी न छिपाती मै उससे सच्चाई ,
अगर होता मेरे पास भाई !
खुश होते मेरे बापू और माई !!

सपनो कि मंजिल की सीढ़ वो होता,
रात-दिन नये-नये ख्वाबों को संजोता ,
जब आता त्योहार भाई-बहन का ,
राजा बनाती उसे अपने मन का ,
रक्षाबंधन के दिन मै देखू कलाई ,
अगर होता मेरे पास भाई !
खुश होते मेरे बापू और माई !!

बड़ा हो जब वो पढ़ने को जाता ,
माँ-बाप का जग मे नाम कमाता ,
छूता कभी वो ना गाँजा शराब ,
संगत कभी वो न करता खराब ,
मेरे घर बजती उसकी सहनाई ,
अगर होता मेरे पास भाई !
खुश होते मेरे बापू और माई !!

सुख-दुःख मे न कभी ईमान खोता ,
दे साथ धर्म का , धर्म को न खोता ,
पढ़ा-लिखा उसे मै इन्जीनियर बनाती ,
पर जो बात उसके दिल को लुभाती ,
उसी बात की मै करती बड़ाई ,
अगर होता मेरे पास भाई !
खुश होते मेरे बापू और माई !!

“हे ईस ! तू मुझे बता ,
क्यो मुझे तू भाई न दिया ,
क्या अपराध है मेरा भगवन ,
आज न कहता कोई मुझको बहन ,
उम्र भर न आती ये गम की खाई ,
अगर होता मेरे पास भाई !
खुश होते मेरे बापू और माई !!

कवि :- अनुज तिवारी “इन्दवार”

Language: Hindi
Tag: कविता
1 Like · 373 Views
You may also like:
इस तरह
Dr fauzia Naseem shad
मेरे आँगन में इक लड़की
rkchaudhary2012
विचारधारा
ब्रजनंदन कुमार 'विमल'
'कैसी घबराहट'
Godambari Negi
■ "पराई आस" पर सदैव भारी "आत्म-विश्वास"
*प्रणय प्रभात*
हाँ, यह विदाई बहुत अच्छी है
gurudeenverma198
ठण्डी दोहा एकादशी
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
नाराज़ जनता
Shekhar Chandra Mitra
दीपावली २०२२ की हार्दिक शुभकामनाएं
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
एक मुर्गी की दर्द भरी दास्तां
ओनिका सेतिया 'अनु '
प्यार का चिराग
Anamika Singh
जहरीला साप
rahul ganvir
उसूल
Ray's Gupta
कुरुक्षेत्र
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
जय अग्रसेन महाराज
Dr Archana Gupta
मन का मोह
AMRESH KUMAR VERMA
अब और नहीं सोचो
सुरेन्द्र शर्मा 'शिव'
The Send-Off Moments
Manisha Manjari
आज आदमी क्या क्या भूल गया है
Ram Krishan Rastogi
गज़ल
Sunita Gupta
दुर्योधन कब मिट पाया:भाग:38
AJAY AMITABH SUMAN
मैं रावण हूँ.....
कुंदन सिंह बिहारी
परिंदों से कह दो।
Taj Mohammad
सेमल के वृक्ष...!
मनोज कर्ण
हिकायत से लिखी अब तख्तियां अच्छी नहीं लगती।
डॉ सगीर अहमद सिद्दीकी Dr SAGHEER AHMAD
तलाश
Shyam Sundar Subramanian
✍️मेरी वो कमी छुपा लेना
'अशांत' शेखर
🍀प्रेम की राह पर-55🍀
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
मोटर गाड़ी खिलौना
Buddha Prakash
*पुस्तक समीक्षा*
Ravi Prakash
Loading...