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23 May 2022 · 1 min read

करते रहिये काम

जब तक है जाने जहाँ, करते रहिये काम।
बोझ बनी ज्यूँ ज़िन्दगी, घर के घर नीलाम।।

सूर्यकांत द्विवेदी

Language: Hindi
1 Like · 227 Views
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