Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
10 Oct 2023 · 1 min read

* आस्था *

शीर्षक – आस्था
लेखक : डॉ अरुण कुमार शास्त्री – पूर्व निदेशक – आयुष – दिल्ली

सेवक कहिए नौकर कहिए ,
या कहिए गुलाम ।
किंकर का तो काम है प्यारे ,
सबकी सेवा सुबह शाम ।
ध्यान लगा कर कर्म जो करता ,
भूल-चूक , से वो न करता ।
गलती से भी होती गलती ,
भरता दंड अनाम ।
सेवक कहिए नौकर कहिए ,
या फिर कहें गुलाम ।
सुघड़ सलोना उसका होना ,
गुण कारी कहलाता है ।
हर आदेश जो मालिक देता ,
उसको तुरंत निभाता है ।
ऐसा सेवक जल्दी ही
मालिक का चहेता हो जाता है ।
हरफन मौला, हुकुम का पाबंद,
होना उसको भाता है ।
जो न कर पाये ये सब,
तो तुरंत निकाला जाता है ।
उसके अधिकारों का
नहीं किसी को भान ।
सेवक कहिए नौकर कहिए ,
या फिर कहें गुलाम ।
कुछ नियमों में हुये हैं परिवर्तन ।
समय जो बदला तंत्र है बदला ।
व्यक्ति विशेष के मान सम्मान का ,
देखो भाई परिवेश है बदला ।
वेतन बदला , कार्य करने के नियम हैं बदले ।
समय के साथ – साथ भाव है बदला ।
नौकरी हो गई अब सम्मान , लोग तरसते
नौकर बन कर गर्व हैं करते जैसे जीव महान ।
सेवक कहिए नौकर कहिए ,
या फिर कहें गुलाम ।

Language: Hindi
114 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from DR ARUN KUMAR SHASTRI
View all
You may also like:
नारी तू नारायणी
नारी तू नारायणी
Dr.Pratibha Prakash
#मुक्तक
#मुक्तक
*Author प्रणय प्रभात*
बिस्तर से आशिकी
बिस्तर से आशिकी
Buddha Prakash
3211.*पूर्णिका*
3211.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
जगमगाती चाँदनी है इस शहर में
जगमगाती चाँदनी है इस शहर में
Dr Archana Gupta
देश के दुश्मन कहीं भी, साफ़ खुलते ही नहीं हैं
देश के दुश्मन कहीं भी, साफ़ खुलते ही नहीं हैं
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
अरुणोदय
अरुणोदय
Manju Singh
भारत माता की संतान
भारत माता की संतान
Ravi Yadav
*सफल कौवा 【बाल कविता】*
*सफल कौवा 【बाल कविता】*
Ravi Prakash
जिंदगी
जिंदगी
Neeraj Agarwal
कौड़ी कौड़ी माया जोड़े, रटले राम का नाम।
कौड़ी कौड़ी माया जोड़े, रटले राम का नाम।
Anil chobisa
ایک سفر مجھ میں رواں ہے کب سے
ایک سفر مجھ میں رواں ہے کب سے
Simmy Hasan
बेहतर और बेहतर होते जाए
बेहतर और बेहतर होते जाए
Vaishaligoel
" लिहाज "
Dr. Kishan tandon kranti
"गुमनाम जिन्दगी ”
Pushpraj Anant
प्रभु शरण
प्रभु शरण
चक्षिमा भारद्वाज"खुशी"
کوئی تنقید کر نہیں پاتے ۔
کوئی تنقید کر نہیں پاتے ۔
Dr fauzia Naseem shad
रक्षा के पावन बंधन का, अमर प्रेम त्यौहार
रक्षा के पावन बंधन का, अमर प्रेम त्यौहार
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
গাছের নীরবতা
গাছের নীরবতা
Otteri Selvakumar
उदास शख्सियत सादा लिबास जैसी हूँ
उदास शख्सियत सादा लिबास जैसी हूँ
Shweta Soni
किसी का प्यार मिल जाए ज़ुदा दीदार मिल जाए
किसी का प्यार मिल जाए ज़ुदा दीदार मिल जाए
आर.एस. 'प्रीतम'
मुझे मेरी फितरत को बदलना है
मुझे मेरी फितरत को बदलना है
Basant Bhagawan Roy
फटा ब्लाउज ....लघु कथा
फटा ब्लाउज ....लघु कथा
sushil sarna
" मुझमें फिर से बहार न आयेगी "
Aarti sirsat
अपना...❤❤❤
अपना...❤❤❤
Vishal babu (vishu)
दिन सुहाने थे बचपन के पीछे छोड़ आए
दिन सुहाने थे बचपन के पीछे छोड़ आए
Er. Sanjay Shrivastava
लिख दो किताबों पर मां और बापू का नाम याद आए तो पढ़ो सुबह दोप
लिख दो किताबों पर मां और बापू का नाम याद आए तो पढ़ो सुबह दोप
★ IPS KAMAL THAKUR ★
A Little Pep Talk
A Little Pep Talk
Ahtesham Ahmad
ग़ज़ल सगीर
ग़ज़ल सगीर
डॉ सगीर अहमद सिद्दीकी Dr SAGHEER AHMAD
* आओ ध्यान करें *
* आओ ध्यान करें *
surenderpal vaidya
Loading...