Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
12 Jun 2023 · 1 min read

आशियाना तुम्हारा

भटक रहे थे हम,
एक सुकून भरे आसरे के लिए,
तो उनके दिल का पता चला।
दिल तो हमारा तब टूटा,
जब उनके दिल में कोई और था,
एक ज़िद्दी मुसाफ़िर!

कि तुम्हारे ही ख़्वाब से,
शुरुआत होती है दिन की।
तुम्हारे ही ख़्वाब से,
ख़त्म होती है रात!
डर लगता है कि,
तुम्हारे ये ख़्वाब,
कहीं न लें मेरी जान!

तुम्हारा दिल है आसरा मेरा,
जिसको पाना मेरी क़िस्मत में नहीं!
वो प्यार ही क्या,
जिसमें इंतज़ार न हो।
वो इंतज़ार ही क्या,
जिसमें प्यार न हो।

है इंतज़ार मुझे अगले जन्म का,
जिसमें हो दोस्ताना हमारा!
मैं तो कहती ही हूं,
कभी तुम भी कहना कि “हां,
मेरा दिल है आशियाना तुम्हारा!”

✍️सृष्टि बंसल

Language: Hindi
188 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
मैं तो महज आवाज हूँ
मैं तो महज आवाज हूँ
VINOD CHAUHAN
सुन्दरता की कमी को अच्छा स्वभाव पूरा कर सकता है,
सुन्दरता की कमी को अच्छा स्वभाव पूरा कर सकता है,
शेखर सिंह
2977.*पूर्णिका*
2977.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
वो नौजवान राष्ट्रधर्म के लिए अड़ा रहा !
वो नौजवान राष्ट्रधर्म के लिए अड़ा रहा !
जगदीश शर्मा सहज
इंसान कहीं का भी नहीं रहता, गर दिल बंजर हो जाए।
इंसान कहीं का भी नहीं रहता, गर दिल बंजर हो जाए।
Monika Verma
हज़ारों रंग बदलो तुम
हज़ारों रंग बदलो तुम
shabina. Naaz
जिस तरह मनुष्य केवल आम के फल से संतुष्ट नहीं होता, टहनियां भ
जिस तरह मनुष्य केवल आम के फल से संतुष्ट नहीं होता, टहनियां भ
Sanjay ' शून्य'
"दुमका संस्मरण 3" परिवहन सेवा (1965)
DrLakshman Jha Parimal
Dr Arun Kumar shastri
Dr Arun Kumar shastri
DR ARUN KUMAR SHASTRI
किस हक से जिंदा हुई
किस हक से जिंदा हुई
कवि दीपक बवेजा
लला गृह की ओर चले, आयी सुहानी भोर।
लला गृह की ओर चले, आयी सुहानी भोर।
डॉ.सीमा अग्रवाल
"सच्चाई"
Dr. Kishan tandon kranti
मैनें प्रत्येक प्रकार का हर दर्द सहा,
मैनें प्रत्येक प्रकार का हर दर्द सहा,
Aarti sirsat
जय जय भोलेनाथ की, जय जय शम्भूनाथ की
जय जय भोलेनाथ की, जय जय शम्भूनाथ की
gurudeenverma198
"चंदा मामा, चंदा मामा"
राकेश चौरसिया
धानी चूनर
धानी चूनर
ओमप्रकाश भारती *ओम्*
आज तुझे देख के मेरा बहम टूट गया
आज तुझे देख के मेरा बहम टूट गया
Kumar lalit
अवधी गीत
अवधी गीत
प्रीतम श्रावस्तवी
आज के समय में शादियां सिर्फ एक दिखावा बन गई हैं। लोग शादी को
आज के समय में शादियां सिर्फ एक दिखावा बन गई हैं। लोग शादी को
पूर्वार्थ
উত্তর দাও পাহাড়
উত্তর দাও পাহাড়
Arghyadeep Chakraborty
नमस्कार मित्रो !
नमस्कार मित्रो !
Mahesh Jain 'Jyoti'
सबसे ऊंचा हिन्द देश का
सबसे ऊंचा हिन्द देश का
surenderpal vaidya
■ बिल्कुल ताज़ा...
■ बिल्कुल ताज़ा...
*Author प्रणय प्रभात*
💐प्रेम कौतुक-490💐
💐प्रेम कौतुक-490💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
यलग़ार
यलग़ार
Shekhar Chandra Mitra
Colours of heart,
Colours of heart,
DrChandan Medatwal
मेरे भईया
मेरे भईया
Dr fauzia Naseem shad
विचार
विचार
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
जब अपनी बात होती है,तब हम हमेशा सही होते हैं। गलत रहने के बा
जब अपनी बात होती है,तब हम हमेशा सही होते हैं। गलत रहने के बा
Paras Nath Jha
ग़ज़ल
ग़ज़ल
Mahendra Narayan
Loading...