Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
5 May 2024 · 1 min read

😢आतंकी हमला😢

😢आतंकी हमला😢

अब बताओ- “गर में गुस कर कब मारोगे…?”
अभी या चुनाव बाद??
महाराज “घ” को “ग” ही बोलते हैं। मैं भी क्या करूँ?
😀😀😀

◆प्रणय प्रभात◆

1 Like · 34 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
2686.*पूर्णिका*
2686.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
“MY YOGA TEACHER- 1957” (REMINISCENCES) {PARMANPUR DARSHAN }
“MY YOGA TEACHER- 1957” (REMINISCENCES) {PARMANPUR DARSHAN }
DrLakshman Jha Parimal
विचार
विचार
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
"रंग भर जाऊँ"
Dr. Kishan tandon kranti
अपनी सीरत को
अपनी सीरत को
Dr fauzia Naseem shad
आफ़ताब
आफ़ताब
Atul "Krishn"
माँ तेरे चरणों
माँ तेरे चरणों
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
हर महीने में कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मासिक शिवरात्रि
हर महीने में कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मासिक शिवरात्रि
Shashi kala vyas
हमारा हाल अब उस तौलिए की तरह है बिल्कुल
हमारा हाल अब उस तौलिए की तरह है बिल्कुल
Johnny Ahmed 'क़ैस'
नया मानव को होता दिख रहा है कुछ न कुछ हर दिन।
नया मानव को होता दिख रहा है कुछ न कुछ हर दिन।
सत्य कुमार प्रेमी
क़ीमती लिबास(Dress) पहन कर शख़्सियत(Personality) अच्छी बनाने स
क़ीमती लिबास(Dress) पहन कर शख़्सियत(Personality) अच्छी बनाने स
Trishika S Dhara
प्रिय के प्रयास पर झूठ मूठ सी रूठी हुई सी, लाजवंती के गालों
प्रिय के प्रयास पर झूठ मूठ सी रूठी हुई सी, लाजवंती के गालों
kaustubh Anand chandola
"रिश्ता" ग़ज़ल
Dr. Asha Kumar Rastogi M.D.(Medicine),DTCD
महबूबा से
महबूबा से
Shekhar Chandra Mitra
मेरी जिंदगी में जख्म लिखे हैं बहुत
मेरी जिंदगी में जख्म लिखे हैं बहुत
Dr. Man Mohan Krishna
ख्वाहिशों की ज़िंदगी है।
ख्वाहिशों की ज़िंदगी है।
Taj Mohammad
#शुभ_प्रतिपदा
#शुभ_प्रतिपदा
*प्रणय प्रभात*
*फिर से जागे अग्रसेन का, अग्रोहा का सपना (मुक्तक)*
*फिर से जागे अग्रसेन का, अग्रोहा का सपना (मुक्तक)*
Ravi Prakash
मानवता
मानवता
Rahul Singh
ज्ञान से शिक्षित, व्यवहार से अनपढ़
ज्ञान से शिक्षित, व्यवहार से अनपढ़
पूर्वार्थ
We just dream to  be rich
We just dream to be rich
Bhupendra Rawat
पावन सावन मास में
पावन सावन मास में
ओम प्रकाश श्रीवास्तव
8) “चन्द्रयान भारत की शान”
8) “चन्द्रयान भारत की शान”
Sapna Arora
बाल कविता: तितली
बाल कविता: तितली
Rajesh Kumar Arjun
दंभ हरा
दंभ हरा
Arti Bhadauria
जब भी तेरा दिल में ख्याल आता है
जब भी तेरा दिल में ख्याल आता है
Ram Krishan Rastogi
सच सोच ऊंची उड़ान की हो
सच सोच ऊंची उड़ान की हो
Neeraj Agarwal
हे देवाधिदेव गजानन
हे देवाधिदेव गजानन
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
मुझे फर्क पड़ता है।
मुझे फर्क पड़ता है।
लक्ष्मी वर्मा प्रतीक्षा
"" *चाय* ""
सुनीलानंद महंत
Loading...