Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
2 Oct 2022 · 1 min read

✍️हर इँसा समता का हकदार है

राजा महाराजाओ के वो रजवाड़े
रियासतो की वसीयतें कहाँ अब बरक़रार है

भीम के संविधान का ये कमाल है
इस बुद्धभूमि में हर इँसा समता का हकदार है
………………………………………………………………………//
©✍️’अशांत’ शेखर
02/10/2022

Language: Hindi
3 Likes · 168 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
गल्प इन किश एण्ड मिश
गल्प इन किश एण्ड मिश
प्रेमदास वसु सुरेखा
चौथापन
चौथापन
Sanjay ' शून्य'
दोहा ग़ज़ल (गीतिका)
दोहा ग़ज़ल (गीतिका)
Subhash Singhai
💐प्रेम कौतुक-170💐
💐प्रेम कौतुक-170💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
जय महादेव
जय महादेव
Shaily
कहमुकरी
कहमुकरी
डॉ.सीमा अग्रवाल
मेरा तितलियों से डरना
मेरा तितलियों से डरना
ruby kumari
"गहराई में बसी है"
Dr. Kishan tandon kranti
* संसार में *
* संसार में *
surenderpal vaidya
कम्प्यूटर ज्ञान :- नयी तकनीक- पावर बी आई
कम्प्यूटर ज्ञान :- नयी तकनीक- पावर बी आई
राजीव नामदेव 'राना लिधौरी'
* straight words *
* straight words *
DR ARUN KUMAR SHASTRI
असुर सम्राट भक्त प्रह्लाद – गर्भ और जन्म – 04
असुर सम्राट भक्त प्रह्लाद – गर्भ और जन्म – 04
Kirti Aphale
Patience and determination, like a rock, is the key to their hearts' lock.
Patience and determination, like a rock, is the key to their hearts' lock.
Manisha Manjari
प्रेम में राग हो तो
प्रेम में राग हो तो
हिमांशु Kulshrestha
जिंदगी है कि जीने का सुरूर आया ही नहीं
जिंदगी है कि जीने का सुरूर आया ही नहीं
कवि दीपक बवेजा
कब किसके पूरे हुए,  बिना संघर्ष ख्वाब।
कब किसके पूरे हुए, बिना संघर्ष ख्वाब।
जगदीश लववंशी
*
*"कार्तिक मास"*
Shashi kala vyas
किसा गौतमी बुद्ध अर्हन्त्
किसा गौतमी बुद्ध अर्हन्त्
Buddha Prakash
सबके सामने रहती है,
सबके सामने रहती है,
लक्ष्मी सिंह
तेरा-मेरा साथ, जीवन भर का...
तेरा-मेरा साथ, जीवन भर का...
Sunil Suman
*आया पूरब से अरुण ,पिघला जैसे स्वर्ण (कुंडलिया)*
*आया पूरब से अरुण ,पिघला जैसे स्वर्ण (कुंडलिया)*
Ravi Prakash
ग़ज़ल सगीर
ग़ज़ल सगीर
डॉ सगीर अहमद सिद्दीकी Dr SAGHEER AHMAD
इतनी नाराज़ हूं तुमसे मैं अब
इतनी नाराज़ हूं तुमसे मैं अब
Dheerja Sharma
जय बोलो मानवता की🙏
जय बोलो मानवता की🙏
तारकेश्‍वर प्रसाद तरुण
रिश्ता
रिश्ता
अखिलेश 'अखिल'
संजय भाऊ!
संजय भाऊ!
*Author प्रणय प्रभात*
मैंने अपनी, खिडकी से,बाहर जो देखा वो खुदा था, उसकी इनायत है सबसे मिलना, मैं ही खुद उससे जुदा था.
मैंने अपनी, खिडकी से,बाहर जो देखा वो खुदा था, उसकी इनायत है सबसे मिलना, मैं ही खुद उससे जुदा था.
Mahender Singh
ग़र कुंदन जैसी चमक चाहते हो पाना,
ग़र कुंदन जैसी चमक चाहते हो पाना,
SURYA PRAKASH SHARMA
अगर आपके पैकेट में पैसा हो तो दोस्ती और रिश्तेदारी ये दोनों
अगर आपके पैकेट में पैसा हो तो दोस्ती और रिश्तेदारी ये दोनों
Dr. Man Mohan Krishna
पूछा किसी ने  इश्क में हासिल है क्या
पूछा किसी ने इश्क में हासिल है क्या
sushil sarna
Loading...