Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
9 Feb 2021 · 1 min read

शब्द

भाषा शब्दों से बनी,करें भावना व्यक्त।
अगर शब्द होते नहीं,घुटते हम हर वक़्त।।१

दो अक्षर के शब्द में,भरा हुआ है अर्थ।
जो मन को छूता नहीं,शब्द सभी हैं व्यर्थ।।२

मुखरित होते शब्द से, मन के सारे भाव।
एक शब्द औषधि बने, एक शब्द दे घाव।।३

सभ्य शब्द शालीनता,जटिल शब्द अभिमान।
शब्दों से इंसान की, होती है पहचान।।४

शत्रु बनाते शब्द से, और बनाते मित्र।
शब्दों की जादूगरी, निर्मल दिखे चरित्र।।५

शब्दों को मत आँकिये,शब्द शक्ति अनमोल।
शब्दोंं में होता वजन,तोल-मोल के बोल।।६

हो मन में सद्भावना,रखना शुद्ध विचार।
शब्द उचित ही बोलिये,लोगों के अनुसार।।७

शब्द शहद रसना सरस,जीवन का आधार।
करो शब्द उपयोग वो, हो जिसमें कुछ सार।।८

शब्दों में वो धार है, करे हृदय के पार।
आँखों में पानी रहे, जीत मिले या हार।।९
-लक्ष्मी सिंह
नई दिल्ली

Language: Hindi
1 Like · 2 Comments · 377 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from लक्ष्मी सिंह
View all
You may also like:
मत याद करो बीते पल को
मत याद करो बीते पल को
Surya Barman
शिक्षा
शिक्षा
Buddha Prakash
घर से बेघर
घर से बेघर
Punam Pande
एक दिन जब न रूप होगा,न धन, न बल,
एक दिन जब न रूप होगा,न धन, न बल,
लक्ष्मी वर्मा प्रतीक्षा
कोई मरहम
कोई मरहम
Dr fauzia Naseem shad
💐अज्ञात के प्रति-89💐
💐अज्ञात के प्रति-89💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
मदिरा वह धीमा जहर है जो केवल सेवन करने वाले को ही नहीं बल्कि
मदिरा वह धीमा जहर है जो केवल सेवन करने वाले को ही नहीं बल्कि
ओम प्रकाश श्रीवास्तव
समय
समय
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
माँ का अछोर आंचल / मुसाफ़िर बैठा
माँ का अछोर आंचल / मुसाफ़िर बैठा
Dr MusafiR BaithA
अभी उम्मीद की खिड़की खुलेगी..
अभी उम्मीद की खिड़की खुलेगी..
Ranjana Verma
संस्कृति के रक्षक
संस्कृति के रक्षक
Dr. Pradeep Kumar Sharma
भाव जिसमें मेरे वो ग़ज़ल आप हैं
भाव जिसमें मेरे वो ग़ज़ल आप हैं
Dr Archana Gupta
उनसे कहना ज़रा दरवाजे को बंद रखा करें ।
उनसे कहना ज़रा दरवाजे को बंद रखा करें ।
Phool gufran
Everyone enjoys being acknowledged and appreciated. Sometime
Everyone enjoys being acknowledged and appreciated. Sometime
पूर्वार्थ
मोर छत्तीसगढ़ महतारी हे
मोर छत्तीसगढ़ महतारी हे
डॉ विजय कुमार कन्नौजे
अगर सड़क पर कंकड़ ही कंकड़ हों तो उस पर चला जा सकता है, मगर
अगर सड़क पर कंकड़ ही कंकड़ हों तो उस पर चला जा सकता है, मगर
लोकेश शर्मा 'अवस्थी'
मेरी कलम से…
मेरी कलम से…
Anand Kumar
!! प्रेम बारिश !!
!! प्रेम बारिश !!
The_dk_poetry
कोई नही है अंजान
कोई नही है अंजान
Basant Bhagawan Roy
कवियों का अपना गम...
कवियों का अपना गम...
goutam shaw
यदि हर कोई आपसे खुश है,
यदि हर कोई आपसे खुश है,
नेताम आर सी
अंजाम
अंजाम
Bodhisatva kastooriya
प्रेम जीवन धन गया।
प्रेम जीवन धन गया।
Pt. Brajesh Kumar Nayak
नमन सभी शिक्षकों को, शिक्षक दिवस की बधाई 🎉
नमन सभी शिक्षकों को, शिक्षक दिवस की बधाई 🎉
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
भगतसिंह मरा नहीं करते
भगतसिंह मरा नहीं करते
Shekhar Chandra Mitra
✍🏻 ■ रसमय दोहे...
✍🏻 ■ रसमय दोहे...
*Author प्रणय प्रभात*
श्री राम आ गए...!
श्री राम आ गए...!
भवेश
बाप के ब्रह्मभोज की पूड़ी
बाप के ब्रह्मभोज की पूड़ी
नंदलाल सिंह 'कांतिपति'
दौड़ी जाती जिंदगी,
दौड़ी जाती जिंदगी,
sushil sarna
*आते बारिश के मजे, गरम पकौड़ी संग (कुंडलिया)*
*आते बारिश के मजे, गरम पकौड़ी संग (कुंडलिया)*
Ravi Prakash
Loading...