Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
25 Dec 2023 · 1 min read

विषधर

विषधर

जो हो ना नियंत्रित पंजे में
रखिए उन्हें शिकंजे में,
निज कोरे आदर्शों से
कभी, राष्ट्र नहीं चला करते
लोहे से लोहा कटता है
जिससे चलता विज्ञान, यान
लोहे से सजता चांदी, सोना
जो अलंकृत करता, नृप मुकुटों को
भू जोती जाती है लोहे से
जिससे उत्पन्न, होते अनाज
लोहे से बनते तीर, कमान
जो रखे सुरक्षित, वन चौवों से
लोहे से बनती सूई है
जो रक्षा करती मर्यादा की ।
लोहे से होती शल्य चिकित्सा
हरता जो विघ्न, विकारों को
कब-तक उदार, बन बैठोगे
कब-तक होगी उनकी पूजा
करिए उद्धार, द्रुत उनका
जो बन बैठे हैं, विषधर व्याल।।
~आनन्द मिश्र

133 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
बेतरतीब
बेतरतीब
Dr. Kishan tandon kranti
■ सारा खेल कमाई का...
■ सारा खेल कमाई का...
*Author प्रणय प्रभात*
मन चंगा तो कठौती में गंगा / MUSAFIR BAITHA
मन चंगा तो कठौती में गंगा / MUSAFIR BAITHA
Dr MusafiR BaithA
अंतिम पड़ाव
अंतिम पड़ाव
हिमांशु बडोनी (दयानिधि)
नारी अस्मिता
नारी अस्मिता
Shyam Sundar Subramanian
International Chess Day
International Chess Day
Tushar Jagawat
बेहतर और बेहतर होते जाए
बेहतर और बेहतर होते जाए
Vaishaligoel
मानवीय कर्तव्य
मानवीय कर्तव्य
DR ARUN KUMAR SHASTRI
खुद को संवार लूँ.... के खुद को अच्छा लगूँ
खुद को संवार लूँ.... के खुद को अच्छा लगूँ
सिद्धार्थ गोरखपुरी
हथेली पर समय-रेखा, लिखा कर लोग आते हैं (मुक्तक)
हथेली पर समय-रेखा, लिखा कर लोग आते हैं (मुक्तक)
Ravi Prakash
दानी
दानी
Dr. Pradeep Kumar Sharma
-- मंदिर में ड्रेस कोड़ --
-- मंदिर में ड्रेस कोड़ --
गायक - लेखक अजीत कुमार तलवार
बापू तेरे देश में...!!
बापू तेरे देश में...!!
Kanchan Khanna
विचार
विचार
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
Kisne kaha Maut sirf ek baar aati h
Kisne kaha Maut sirf ek baar aati h
Kumar lalit
खुद पर भी यकीं,हम पर थोड़ा एतबार रख।
खुद पर भी यकीं,हम पर थोड़ा एतबार रख।
पूर्वार्थ
शिवोहं
शिवोहं
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
अधूरी
अधूरी
Naushaba Suriya
सच कहूं तो
सच कहूं तो
डॉ विजय कुमार कन्नौजे
2938.*पूर्णिका*
2938.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
💐प्रेम कौतुक-233💐
💐प्रेम कौतुक-233💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
शायरी
शायरी
श्याम सिंह बिष्ट
ये आरजू फिर से दिल में जागी है
ये आरजू फिर से दिल में जागी है
shabina. Naaz
अपने  में वो मस्त हैं ,दूसरों की परवाह नहीं ,मित्रता में रहक
अपने में वो मस्त हैं ,दूसरों की परवाह नहीं ,मित्रता में रहक
DrLakshman Jha Parimal
"बेटा-बेटी"
पंकज कुमार कर्ण
Don't Give Up..
Don't Give Up..
सोलंकी प्रशांत (An Explorer Of Life)
अंधेर नगरी-चौपट राजा
अंधेर नगरी-चौपट राजा
Shekhar Chandra Mitra
हाय हाय रे कमीशन
हाय हाय रे कमीशन
gurudeenverma198
है कौन झांक रहा खिड़की की ओट से
है कौन झांक रहा खिड़की की ओट से
Amit Pathak
मुझे अच्छी नहीं लगती
मुझे अच्छी नहीं लगती
Dr fauzia Naseem shad
Loading...