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22 Feb 2023 · 1 min read

#राम-राम जी..👏👏

#राम-राम जी..👏👏

जोगीरा के रंग में, होली के हों गीत।
भाईचारा ढोल पर, रंज़ भुलाए मीत।।
मिलती ख़ुशी मिलाप से, दृढ़ बनें संबंध।
मानव की साँसें लगें, कविता सरिस सुगंध।।

#आर.एस. ‘प्रीतम’

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