Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
13 Dec 2023 · 1 min read

पके फलों के रूपों को देखें

पके फलों के रूपों को देखें
काली पीली हरी लाल नारंगी
विभिन्न रूपों में पक जाते हैं
देख सुन समझाते प्राणी को
सदाचार आचरण सद्कर्मों का
अनुभव
जगत समझ का सार है।
टी.पी . तरुण

180 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from तारकेश्‍वर प्रसाद तरुण
View all
You may also like:
मुझ पर तुम्हारे इश्क का साया नहीं होता।
मुझ पर तुम्हारे इश्क का साया नहीं होता।
सत्य कुमार प्रेमी
*सुमित्रा (कुंडलिया)*
*सुमित्रा (कुंडलिया)*
Ravi Prakash
जग के जीवनदाता के प्रति
जग के जीवनदाता के प्रति
महेश चन्द्र त्रिपाठी
*सुविचरण*
*सुविचरण*
DR ARUN KUMAR SHASTRI
विश्व गौरैया दिवस
विश्व गौरैया दिवस
ब्रजनंदन कुमार 'विमल'
सरकारी नौकरी
सरकारी नौकरी
Dr. Pradeep Kumar Sharma
कोई गीता समझता है कोई कुरान पढ़ता है ।
कोई गीता समझता है कोई कुरान पढ़ता है ।
Dr. Man Mohan Krishna
जीत
जीत
सुरेश अजगल्ले 'इन्द्र '
मुहब्बत मील का पत्थर नहीं जो छूट जायेगा।
मुहब्बत मील का पत्थर नहीं जो छूट जायेगा।
Prabhu Nath Chaturvedi "कश्यप"
लिखे क्या हुजूर, तारीफ में हम
लिखे क्या हुजूर, तारीफ में हम
gurudeenverma198
अवधी स्वागत गीत
अवधी स्वागत गीत
प्रीतम श्रावस्तवी
आज़ादी का जश्न
आज़ादी का जश्न
Shekhar Chandra Mitra
*चुनाव से पहले नेता जी बातों में तार गए*
*चुनाव से पहले नेता जी बातों में तार गए*
सुखविंद्र सिंह मनसीरत
बस तुम
बस तुम
Rashmi Ranjan
रूठते-मनाते,
रूठते-मनाते,
Amber Srivastava
ज़िंदगी तेरे मिज़ाज का
ज़िंदगी तेरे मिज़ाज का
Dr fauzia Naseem shad
बुंदेलखंड के आधुनिक कवि पुस्तक कलेक्टर महोदय को भेंट की
बुंदेलखंड के आधुनिक कवि पुस्तक कलेक्टर महोदय को भेंट की
राजीव नामदेव 'राना लिधौरी'
(12) भूख
(12) भूख
Kishore Nigam
जब याद सताएगी,मुझको तड़पाएगी
जब याद सताएगी,मुझको तड़पाएगी
कृष्णकांत गुर्जर
"हस्ताक्षर"
Dr. Kishan tandon kranti
🙅मैच फिक्स🙅
🙅मैच फिक्स🙅
*Author प्रणय प्रभात*
"Teri kaamyaabi par tareef, tere koshish par taana hoga,
कवि दीपक बवेजा
Agar padhne wala kabil ho ,
Agar padhne wala kabil ho ,
Sakshi Tripathi
विचार मंच भाग - 6
विचार मंच भाग - 6
डॉ० रोहित कौशिक
" मन भी लगे बवाली "
भगवती प्रसाद व्यास " नीरद "
कभी मिलो...!!!
कभी मिलो...!!!
Kanchan Khanna
🥀 *अज्ञानी की कलम*🥀
🥀 *अज्ञानी की कलम*🥀
जूनियर झनक कैलाश अज्ञानी झाँसी
कदमों में बिखर जाए।
कदमों में बिखर जाए।
लक्ष्मी सिंह
एक था वृक्ष
एक था वृक्ष
Suryakant Dwivedi
अक्षर ज्ञान नहीं है बल्कि उस अक्षर का को सही जगह पर उपयोग कर
अक्षर ज्ञान नहीं है बल्कि उस अक्षर का को सही जगह पर उपयोग कर
Rj Anand Prajapati
Loading...