Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
30 Jan 2017 · 1 min read

तुम्हारी बिटिया

नहीं थी सुफल ,
पूर्व जन्मों की,
मंतव्य किसी यज्ञ की.
मुझे कभी माँगा नहीं गया,
अनगिनत देवताओं से,
हाथ उठा कर,सर नवा कर.
मगर फिर भी मैं थी.
तुम्हारे आंगन में,
रोज़ लगती बुहारी सी.
तुम्हारी छत पर बिना प्रयत्न,
बरसती चांदनी सी.
तुम्हारी नींद में हवा की,
गुदगुदी से पड़ती हलकी ख़लल सी.
तुम्हारी भवों के गिर्द लकीरों सी.
तुम्हारे होंठो के पास,
सलवटो सी.
बाबुल… मैं थी.
न सही कभी जो तुम्हारा हाथ,
मेरे सर तक नहीं आया.
तुम्हारी देहलीज़ ने,
मुझे माथा नवाना तो सिखाया.
तुम्हारा आंगन,
तुम्हारा दालान,
तुम्हारा दरवाज़ा,
तुम्हारा नाम,
सब भैया का सही.
तुम्हारे पुण्य प्रताप,
तुम्हारे हानि लाभ,
तुम्हारे सुख संतोष,
तुम्हारे तीज त्यौहार,
सब भैया ही सही.
तुम्हारी धन दौलत,
तुम्हारे महल अटारी,
तुम्हारे खेत खलिहान,
तुम्हारा आशीर्वाद,
ना मैं कुछ नहीं मांगती.
बस देना चाहती हूँ,
स्वीकार करो,
मेरा धन्यवाद.
तुमने मुझको जन्म दिया,
जीवन दिया,
और जीवित रहने दिया.
मैं थी और मैं हूँ बाबुल.
जिंदा तुम्हारी बिटिया.

Language: Hindi
649 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
आ गई रंग रंगीली, पंचमी आ गई रंग रंगीली
आ गई रंग रंगीली, पंचमी आ गई रंग रंगीली
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
🌾☘️वनस्पति जीवाश्म☘️🌾
🌾☘️वनस्पति जीवाश्म☘️🌾
Ms.Ankit Halke jha
**माटी जन्मभूमि की**
**माटी जन्मभूमि की**
लक्ष्मण 'बिजनौरी'
Holding onto someone who doesn't want to stay is the worst h
Holding onto someone who doesn't want to stay is the worst h
पूर्वार्थ
भीड़ ने भीड़ से पूछा कि यह भीड़ क्यों लगी है? तो भीड़ ने भीड
भीड़ ने भीड़ से पूछा कि यह भीड़ क्यों लगी है? तो भीड़ ने भीड
जय लगन कुमार हैप्पी
लहरों पर चलता जीवन
लहरों पर चलता जीवन
मनोज कर्ण
शब्द शब्द उपकार तेरा ,शब्द बिना सब सून
शब्द शब्द उपकार तेरा ,शब्द बिना सब सून
Namrata Sona
*पिता (सात दोहे )*
*पिता (सात दोहे )*
Ravi Prakash
बरगद और बुजुर्ग
बरगद और बुजुर्ग
Dr. Pradeep Kumar Sharma
जा रहा हु...
जा रहा हु...
Ranjeet kumar patre
माना के वो वहम था,
माना के वो वहम था,
लक्ष्मी वर्मा प्रतीक्षा
क्यूँ ना करूँ शुक्र खुदा का
क्यूँ ना करूँ शुक्र खुदा का
shabina. Naaz
शिव अविनाशी, शिव संयासी , शिव ही हैं शमशान निवासी।
शिव अविनाशी, शिव संयासी , शिव ही हैं शमशान निवासी।
Gouri tiwari
"ऐसा है अपना रिश्ता "
Yogendra Chaturwedi
सब कुछ खत्म नहीं होता
सब कुछ खत्म नहीं होता
Dr. Rajeev Jain
ग़ज़ल
ग़ज़ल
Mahendra Narayan
भालू,बंदर,घोड़ा,तोता,रोने वाली गुड़िया
भालू,बंदर,घोड़ा,तोता,रोने वाली गुड़िया
Shweta Soni
नारी तेरा रूप निराला
नारी तेरा रूप निराला
Anil chobisa
सैलाब .....
सैलाब .....
sushil sarna
"गूंगी ग़ज़ल" के
*Author प्रणय प्रभात*
योग और नीरोग
योग और नीरोग
Dr Parveen Thakur
🥀 *गुरु चरणों की धूल*🥀
🥀 *गुरु चरणों की धूल*🥀
जूनियर झनक कैलाश अज्ञानी झाँसी
सबला
सबला
Rajesh
🌹खूबसूरती महज....
🌹खूबसूरती महज....
Dr Shweta sood
ऐसा कहा जाता है कि
ऐसा कहा जाता है कि
Naseeb Jinagal Koslia नसीब जीनागल कोसलिया
Ram Mandir
Ram Mandir
Sanjay ' शून्य'
चंदा मामा (बाल कविता)
चंदा मामा (बाल कविता)
Dr. Kishan Karigar
Chahat ka samandar ham bhi rakhte h ,
Chahat ka samandar ham bhi rakhte h ,
Sakshi Tripathi
#गणितीय प्रेम
#गणितीय प्रेम
हरवंश हृदय
प्रेम की अनिवार्यता
प्रेम की अनिवार्यता
ब्रजनंदन कुमार 'विमल'
Loading...