Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
11 Feb 2024 · 1 min read

जितना मिला है उतने में ही खुश रहो मेरे दोस्त

जितना मिला है उतने में ही खुश रहो मेरे दोस्त
पता नही उतना ही ना बचे फिर हाथ मलते ही
रहोगे क्या

89 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
"मैं" का मैदान बहुत विस्तृत होता है , जिसमें अहम की ऊँची चार
Seema Verma
माँ!
माँ!
विमला महरिया मौज
गूँगी गुड़िया ...
गूँगी गुड़िया ...
sushil sarna
■ लघुकथा
■ लघुकथा
*Author प्रणय प्रभात*
*मैं वर्तमान की नारी हूं।*
*मैं वर्तमान की नारी हूं।*
Dushyant Kumar
3222.*पूर्णिका*
3222.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
नारी क्या है
नारी क्या है
Ram Krishan Rastogi
नवसंवत्सर लेकर आया , नव उमंग उत्साह नव स्पंदन
नवसंवत्सर लेकर आया , नव उमंग उत्साह नव स्पंदन
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
*उल्लू (बाल कविता)*
*उल्लू (बाल कविता)*
Ravi Prakash
शिकायत नही तू शुक्रिया कर
शिकायत नही तू शुक्रिया कर
Surya Barman
चंदा तुम मेरे घर आना
चंदा तुम मेरे घर आना
नंदलाल सिंह 'कांतिपति'
विचार
विचार
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
धरती मेरी स्वर्ग
धरती मेरी स्वर्ग
Sandeep Pande
हिडनवर्ग प्रपंच
हिडनवर्ग प्रपंच
मनोज कर्ण
तेरी आवाज़ क्यूं नम हो गई
तेरी आवाज़ क्यूं नम हो गई
Surinder blackpen
मैं भी क्यों रखूं मतलब उनसे
मैं भी क्यों रखूं मतलब उनसे
gurudeenverma198
जो गुरूर में है उसको गुरुर में ही रहने दो
जो गुरूर में है उसको गुरुर में ही रहने दो
कवि दीपक बवेजा
प्रीत तुझसे एैसी जुड़ी कि
प्रीत तुझसे एैसी जुड़ी कि
Seema gupta,Alwar
रोटी का कद्र वहां है जहां भूख बहुत ज्यादा है ll
रोटी का कद्र वहां है जहां भूख बहुत ज्यादा है ll
Ranjeet kumar patre
गुरु अंगद देव
गुरु अंगद देव
कवि रमेशराज
मैं और मेरी तन्हाई
मैं और मेरी तन्हाई
Suman (Aditi Angel 🧚🏻)
*हम नदी के दो किनारे*
*हम नदी के दो किनारे*
सुखविंद्र सिंह मनसीरत
तुम्हें बुरी लगती हैं मेरी बातें, मेरा हर सवाल,
तुम्हें बुरी लगती हैं मेरी बातें, मेरा हर सवाल,
पूर्वार्थ
नन्हे बाल गोपाल के पाच्छे मैया यशोदा दौड़ लगाये.....
नन्हे बाल गोपाल के पाच्छे मैया यशोदा दौड़ लगाये.....
Ram Babu Mandal
💐प्रेम कौतुक-212💐
💐प्रेम कौतुक-212💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
दुनियां और जंग
दुनियां और जंग
सत्य कुमार प्रेमी
आलोचक सबसे बड़े शुभचिंतक
आलोचक सबसे बड़े शुभचिंतक
Paras Nath Jha
उन्नति का जन्मदिन
उन्नति का जन्मदिन
ओम प्रकाश श्रीवास्तव
लगे रहो भक्ति में बाबा श्याम बुलाएंगे【Bhajan】
लगे रहो भक्ति में बाबा श्याम बुलाएंगे【Bhajan】
Khaimsingh Saini
"बहनों के संग बीता बचपन"
Ekta chitrangini
Loading...