Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
26 Jan 2024 · 1 min read

जाति धर्म के नाम पर, चुनने होगे शूल ।

जाति धर्म के नाम पर, चुनने होगे शूल ।
तभी देश में प्यार के, सुरभित होंगे फूल ।
आजादी से हिन्द की,मत करना खिलवाड़ –
कमतर इसको आंकना, होगी भारी भूल ।

सुशील सरना /

97 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
"हँसिया"
Dr. Kishan tandon kranti
🙏 *गुरु चरणों की धूल*🙏
🙏 *गुरु चरणों की धूल*🙏
जूनियर झनक कैलाश अज्ञानी झाँसी
मैं
मैं
Ajay Mishra
युगांतर
युगांतर
Suryakant Dwivedi
कुंडलिया छंद *
कुंडलिया छंद *
डाॅ. बिपिन पाण्डेय
"मेरा गलत फैसला"
Dr Meenu Poonia
गुम है
गुम है
Punam Pande
सच तो तेरा मेरा प्यार हैं।
सच तो तेरा मेरा प्यार हैं।
Neeraj Agarwal
दोहे
दोहे
डॉक्टर रागिनी
बाप की गरीब हर लड़की झेल लेती है लेकिन
बाप की गरीब हर लड़की झेल लेती है लेकिन
शेखर सिंह
💐💐नेक्स्ट जेनरेशन💐💐
💐💐नेक्स्ट जेनरेशन💐💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
#लघुकथा
#लघुकथा
*Author प्रणय प्रभात*
तबकी  बात  और है,
तबकी बात और है,
नील पदम् Deepak Kumar Srivastava (दीपक )(Neel Padam)
अकेलापन
अकेलापन
लक्ष्मी सिंह
*सीता (कुंडलिया)*
*सीता (कुंडलिया)*
Ravi Prakash
बहुजनों के हित का प्रतिपक्ष रचता सवर्ण सौंदर्यशास्त्र :
बहुजनों के हित का प्रतिपक्ष रचता सवर्ण सौंदर्यशास्त्र :
Dr MusafiR BaithA
वैसा न रहा
वैसा न रहा
Shriyansh Gupta
"घर की नीम बहुत याद आती है"
Ekta chitrangini
रिशतों का उचित मुल्य 🌹🌹❤️🙏❤️
रिशतों का उचित मुल्य 🌹🌹❤️🙏❤️
तारकेश्‍वर प्रसाद तरुण
होठों को रख कर मौन
होठों को रख कर मौन
हिमांशु Kulshrestha
2607.पूर्णिका
2607.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
यही एक काम बुरा, जिंदगी में हमने किया है
यही एक काम बुरा, जिंदगी में हमने किया है
gurudeenverma198
हमारा अस्तिव हमारे कर्म से होता है, किसी के नजरिए से नही.!!
हमारा अस्तिव हमारे कर्म से होता है, किसी के नजरिए से नही.!!
Jogendar singh
पापा की तो बस यही परिभाषा हैं
पापा की तो बस यही परिभाषा हैं
Dr Manju Saini
मुहब्बत की लिखावट में लिखा हर गुल का अफ़साना
मुहब्बत की लिखावट में लिखा हर गुल का अफ़साना
आर.एस. 'प्रीतम'
शिकायत लबों पर
शिकायत लबों पर
Dr fauzia Naseem shad
मुस्कान है
मुस्कान है
Dr. Sunita Singh
!! सत्य !!
!! सत्य !!
विनोद कृष्ण सक्सेना, पटवारी
सबकी सलाह है यही मुॅंह बंद रखो तुम।
सबकी सलाह है यही मुॅंह बंद रखो तुम।
सत्य कुमार प्रेमी
"सूनी मांग" पार्ट-2
Radhakishan R. Mundhra
Loading...