Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
3 May 2024 · 1 min read

चिंगारी के गर्भ में,

चिंगारी के गर्भ में,
निहित आग का ताप ।
आ जाए जो क्रोध में,
बन जाती ये श्राप ।।

सुशील सरना / 3-5-24

38 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
आज परी की वहन पल्लवी,पिंकू के घर आई है
आज परी की वहन पल्लवी,पिंकू के घर आई है
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
#वर_दक्षिण (दहेज)
#वर_दक्षिण (दहेज)
संजीव शुक्ल 'सचिन'
Dr Arun Kumar shastri  एक अबोध बालक 🩷😰
Dr Arun Kumar shastri एक अबोध बालक 🩷😰
DR ARUN KUMAR SHASTRI
"" *श्री गीता है एक महाकाव्य* ""
सुनीलानंद महंत
"घोषणा"
Dr. Kishan tandon kranti
बाजार में जरूर रहते हैं साहब,
बाजार में जरूर रहते हैं साहब,
Sanjay ' शून्य'
संसद
संसद
Bodhisatva kastooriya
इश्क़ का माया जाल बिछा रही है ये दुनिया,
इश्क़ का माया जाल बिछा रही है ये दुनिया,
डॉ. शशांक शर्मा "रईस"
*एकांत*
*एकांत*
जगदीश लववंशी
प्रिय मैं अंजन नैन लगाऊँ।
प्रिय मैं अंजन नैन लगाऊँ।
Anil Mishra Prahari
23/153.*छत्तीसगढ़ी पूर्णिका*
23/153.*छत्तीसगढ़ी पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
सच बोलने वाले के पास कोई मित्र नहीं होता।
सच बोलने वाले के पास कोई मित्र नहीं होता।
Dr MusafiR BaithA
जब कोई आदमी कमजोर पड़ जाता है
जब कोई आदमी कमजोर पड़ जाता है
Paras Nath Jha
जीवन का आत्मबोध
जीवन का आत्मबोध
ओंकार मिश्र
*हिंदी हमारी शान है, हिंदी हमारा मान है*
*हिंदी हमारी शान है, हिंदी हमारा मान है*
Dushyant Kumar
अबस ही डर रहा था अब तलक मैं
अबस ही डर रहा था अब तलक मैं
Neeraj Naveed
🔘सुविचार🔘
🔘सुविचार🔘
विनोद कृष्ण सक्सेना, पटवारी
మంత్రాలయము మహా పుణ్య క్షేత్రము
మంత్రాలయము మహా పుణ్య క్షేత్రము
डॉ गुंडाल विजय कुमार 'विजय'
लौट कर रास्ते भी
लौट कर रास्ते भी
Dr fauzia Naseem shad
■
■ "डमी" मतलब वोट काटने के लिए खरीद कर खड़े किए गए अपात्र व अय
*प्रणय प्रभात*
बारह ज्योतिर्लिंग
बारह ज्योतिर्लिंग
सत्य कुमार प्रेमी
मुस्कुराने लगे है
मुस्कुराने लगे है
Paras Mishra
किया पोषित जिन्होंने, प्रेम का वरदान देकर,
किया पोषित जिन्होंने, प्रेम का वरदान देकर,
Ravi Yadav
मसला सुकून का है; बाकी सब बाद की बाते हैं
मसला सुकून का है; बाकी सब बाद की बाते हैं
Damini Narayan Singh
*श्री रामप्रकाश सर्राफ*
*श्री रामप्रकाश सर्राफ*
Ravi Prakash
सागर से अथाह और बेपनाह
सागर से अथाह और बेपनाह
VINOD CHAUHAN
मछली रानी
मछली रानी
ओम प्रकाश श्रीवास्तव
तू भी इसां कहलाएगा
तू भी इसां कहलाएगा
Dinesh Kumar Gangwar
कुदरत और भाग्य के रंग..... एक सच
कुदरत और भाग्य के रंग..... एक सच
Neeraj Agarwal
‘प्रकृति से सीख’
‘प्रकृति से सीख’
Vivek Mishra
Loading...