Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
20 Jan 2023 · 1 min read

माँ

हे माँ ! तेरी है छवि उच्च,
जग भर के रिश्तेदारों में।
तु देव तुल्य गंगा जल सी,
बसती मानव संस्कारों में।

है कहाँ कोई तेरे सम जो,
अपने पद का निर्वाह करे।
तु त्यागी तु तपस्विनी ,
हर पल जो खुद का दाह करे।

तु करूणा की सागर है माँ,
ममता की अनुवाद रही।
सारे संबंध तु झी से है,
हर रिश्तों की बुनियाद रही।

कुछ पुष्प तुम्हारे चरणों में,
शब्दों की आज चढ़ाता हूँ।
करना रक्षा हे मातु सदा,
मैं अपना शीश झूकाता हूँ।
–“प्यासा”

Language: Hindi
88 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
"प्रीत-बावरी"
Dr. Asha Kumar Rastogi M.D.(Medicine),DTCD
तेरे गम का सफर
तेरे गम का सफर
Rajeev Dutta
शब्द
शब्द
लक्ष्मी सिंह
हमने देखा है हिमालय को टूटते
हमने देखा है हिमालय को टूटते
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
ବାତ୍ୟା ସ୍ଥିତି
ବାତ୍ୟା ସ୍ଥିତି
Otteri Selvakumar
"ज़हन के पास हो कर भी जो दिल से दूर होते हैं।
*Author प्रणय प्रभात*
टमाटर का जलवा ( हास्य -रचना )
टमाटर का जलवा ( हास्य -रचना )
Dr. Harvinder Singh Bakshi
"अवसाद"
Dr. Kishan tandon kranti
"हास्य व्यंग्य"
Radhakishan R. Mundhra
सोशल मीडिया पर दूसरे के लिए लड़ने वाले एक बार ज़रूर पढ़े…
सोशल मीडिया पर दूसरे के लिए लड़ने वाले एक बार ज़रूर पढ़े…
Anand Kumar
नैनों के अभिसार ने,
नैनों के अभिसार ने,
sushil sarna
"तरक्कियों की दौड़ में उसी का जोर चल गया,
शेखर सिंह
" फेसबूक फ़्रेंड्स "
DrLakshman Jha Parimal
विज्ञान का चमत्कार देखो,विज्ञान का चमत्कार देखो,
विज्ञान का चमत्कार देखो,विज्ञान का चमत्कार देखो,
पूर्वार्थ
अपनी-अपनी विवशता
अपनी-अपनी विवशता
Dr. Pradeep Kumar Sharma
सपन सुनहरे आँज कर, दे नयनों को चैन ।
सपन सुनहरे आँज कर, दे नयनों को चैन ।
डॉ.सीमा अग्रवाल
*बिटिया रानी पढ़ने जाती {बाल कविता}* ■■■■■■■■■■■■■■■■■■■
*बिटिया रानी पढ़ने जाती {बाल कविता}* ■■■■■■■■■■■■■■■■■■■
Ravi Prakash
सोच की अय्याशीया
सोच की अय्याशीया
Sandeep Pande
घाव मरहम से छिपाए जाते है,
घाव मरहम से छिपाए जाते है,
Vindhya Prakash Mishra
प्यार आपस में दिलों में भी अगर बसता है
प्यार आपस में दिलों में भी अगर बसता है
Anis Shah
दुःख इस बात का नहीं के तुमने बुलाया नहीं........
दुःख इस बात का नहीं के तुमने बुलाया नहीं........
shabina. Naaz
एक बार हीं
एक बार हीं
Shweta Soni
जेठ का महीना
जेठ का महीना
ब्रजनंदन कुमार 'विमल'
टूटने का मर्म
टूटने का मर्म
Surinder blackpen
सूर्यदेव
सूर्यदेव
Umesh उमेश शुक्ल Shukla
Red Hot Line
Red Hot Line
Poonam Matia
यह कौन सी तहजीब है, है कौन सी अदा
यह कौन सी तहजीब है, है कौन सी अदा
VINOD CHAUHAN
पथ नहीं होता सरल
पथ नहीं होता सरल
surenderpal vaidya
2599.पूर्णिका
2599.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
मुझे पता है।
मुझे पता है।
रोहताश वर्मा 'मुसाफिर'
Loading...